फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सुलतानपुर में जर्जर विद्युत लाइन ले रही लोगों की जान

विज्ञापन
गंजमुरादाबाद के सुल्तानपुर में हादसों को दावत दे रही लटकती विद्युत लाइन। - फोटो : UNNAO
विज्ञापन
गंजमुरादाबाद(उन्नाव)। विकासखंड के ग्राम सुल्तानपुर में जर्जर विद्युत लाइन से कई असमय ही काल के गाल में समा चुके हैं। विद्युतीकरण के 40 साल हो चुके हैं लेकिन विभागीय अधिकारियों ने इस गांव की ओर मुड़कर नहीं देखा। जिससे गांव में विद्युत लाइन इतनी ढीली और जर्जर हो गई है कि आए दिन टूट कर गिरने से से आपूर्ति तो ठप होती ही है साथ ही हादसे भी होते रहते हैं। मौजूदा समय में यहां की विद्युत लाइन रस्सी व बांस-बल्लियों के सहारे चल रही है।
विज्ञापन

ग्राम सुल्तानपुर में विद्युतीकरण करीब 40 वर्ष पूर्व हुआ था। तब यहां मात्र 15 कनेक्शनों के साथ विद्युत आपूर्ति चालू की गई थी। जबकि मौजूदा समय में कुल 600 कनेक्शन हैं। पिछले कई वर्षों से इस गांव की एचटी और एलटी विद्युत लाइन को बदला नहीं जा सका है। जबकि इस गांव में बिछाए गए एचटी लाइन के आधे तार अभी भी एल्युमीनियम के बजाय लोहे के हैं। जिसे किसी प्रकार जोड़-गांठकर चलाया जा रहा है। यही नहीं एलटी विद्युत लाइन रस्सी व डंडों के सहारे खींची गई है। जिसे दीवारों से सटाकर निकाला गया है। जिससे करंट की चपेट में आकर कभी भी कोई बड़ा हादसा होने की आशंका बनी रहती है। एक दशक के अंदर गांव में जर्जर विद्युत लाइन कई लोगों की मौत की गवाह बन चुकी है। इसके अलावा दर्जनों मवेशी भी काल के गाल में समा चुके हैं। कई बार मांग किए जाने के बावजूद भी इस जर्जर एचटी और एलटी विद्युत लाइन को बदला नहीं जा सका है। ऐसी स्थिति में ग्रामीणों में किसी भी समय कोई बड़ी अप्रिय घटना होने की आशंका से दहशत व्याप्त रहती है। यही नहीं आए दिन इस विद्युत लाइन के तार टूट कर नीचे गिर जाने से विद्युत आपूर्ति प्रभावित रहती है।
अमर शहीद कैलाश यादव के भाई गिरिजेश यादव ने बताया कि उनके भाई के स्मारक के ऊपर से निकली जर्जर विद्युत लाइन को आज तक हटाया नहीं जा सका है। गांव निवासी मोहित गुप्ता ने कहा कि भाजपा सरकार में भी मूलभूत समस्याओं का समय से निस्तारण नहीं हो पा रहा है। जर्जर विद्युत लाइन उपभोक्ताओं के लिए नासूर बनी हुई है। महेश यादव का कहना है कि विभाग सिर्फ बिजली का बिल भेजता है। गांव में बिजली है या नहीं, इससे उसका कोई लेना देना नहीं है। जर्जर विद्युत लाइन को बदला नहीं जा सका है। अमित पाल का कहना है कि जर्जर लाइनों से अधिकांश समय बिजली गुल रहती है। जर्जर लाइनों से खेत जाने में डर लगता है।
विज्ञापन

सुलतानपुर एचटी और एलटी विद्युत लाइन के जर्जर होने की उन्हें जानकारी है। जिसका प्रस्ताव बनाकर भेजने की तैयारी की जा रही है। दोनों प्रकार की लाइन बदलने के लिए प्रस्ताव शासन को भेजा जाएगा। इसके पास होते ही लाइन बदलने का काम शुरू हो जाएगा।
विज्ञापन

-नीरज पाल, अवर अभियंता गंजमुरादाबाद।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें