बीघापुर। तिलक समारोह में लड़की और लड़के पक्ष में हुई जवाबी हर्ष फायरिंग के दौरान गोली लगने से लड़की के चचेरे बाबा की मौत हो गई, जबकि उसके पिता और चाचा समेत चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को स्वास्थ्य केंद्र से जिला अस्पताल रेफर किया गया है। पुुलिस ने मौके पर पहुंचकर तफ्तीश शुरू कर दी है।
अचलगंज थानाक्षेत्र के जमुका गांव निवासी राममोहन तिवारी ने अपनी बेटी का विवाह बीघापुर थानाक्षेत्र के डाड़ामऊ गांव निवासी शिवसागर के बेटे अमित से तय किया था। रविवार को राममोहन तिवारी परिवार के लोगों और खास रिश्तेदारों के साथ तिलक चढ़ाने गए थे।
रात करीब दस बजे तिलक चढ़ने के बाद कुछ युवकों ने हर्ष फायरिंग शुरू कर दी। दोनों पक्ष के लोगों ने समझाने का प्रयास किया मगर वह नहीं मानें। तनातनी में कई राउंड फायरिंग हुई तो तिलक समारोह में भगदड़ मच गई। किसी ने ड्रम के पीछे छिपकर खुद को बचाया तो कोई मेज के नीचे छिप गया। लोगों ने आसपास के घरों में घुसकर अपना बचाव किया।
धक्कामुक्की के दौरान एक गोली लड़की के चचेरे बाबा अलोपी शंकर तिवारी के सिर में धंस गई, जबकि राममोहन (48) पुत्र वासुदेव तिवारी व उनके भाई दिलीप (42) के अलावा गांव के उमेश साहू और रिश्तेदार सूरज शुक्ला (18) पुत्र अरविंद भी गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को बीघापुर स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया जहां से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने अलोपी शंकर को मृत घोषित कर दिया। घायलों का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है।
जिला अस्पताल में भी आरोप-प्रत्यारोप को लेकर दोनों पक्षों में तनातनी हो गई। सूचना पर कोतवाली प्रभारी सतीश कुमार गौतम पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और मामला शांत कराया। बीघापुर सीओ गोपीनाथ सोनी ने बताया कि पुलिस मौके मौजूद है और फायर करने और फायर करने में प्रयोग की गईं बंदूकों को बरामद करने का प्रयास किया जा रहा है।