अंबेडकरनगर जिला मुख्यालय स्थित इस आयुर्वेदिक अस्पताल में व्याप्त है चिकित्सकों की मनमानी।
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उन्नाव। जिला अस्पताल में दलालों का राज है। मुंह मांगे दाम न देने पर बुधवार को एक मरीज का ऑपरेशन नहीं किया गया। मजबूरी में उसे नर्सिंग होम का सहारा लेना पड़ा। मरीज ने ये आरोप प्रदेश स्वास्थ्य राज्य मंत्री से की गई शिकायत में लगाए हैं।
पाटन तहसील के गांव हिंदू नगर भाटनखेड़ा निवासी पूनम त्रिवेदी को पित्त की थैली में पथरी है। उन्होंने मंगलवार को जिला अस्पताल के एक सर्जन को दिखाया। डॉक्टर ने तुरंत प्राइवेट पैथालॉजी से अल्ट्रासाउंड करवाया और बुधवार को ऑपरेशन करने के लिए बुलाया था।
बुधवार को परिजन पूनम को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। यहां ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर ने काफी देर तक ओटी में उन्हें बैठाए रखा। बाद में खुद को डॉक्टर का सहयोगी बताते हुए एक व्यक्ति ने ऑपरेशन के लिए पांच हजार रुपये की मांग की।
जब उन्होंने पैसे देने से मना किया तो ऑपरेशन करने से मना कर दिया गया। पूनम ने प्रदेश के स्वास्थ्य राज्यमंत्री सुधीर रावत को फोन कर शिकायत की तो उन्होंने लिखित शिकायत सीएमएस को देने को कहा। पूनम ने लिखित शिकायत सीएमएस को दी। इसके बाद परिजन पूनम को शहर के मोहल्ला पीडी नगर स्थित एक नर्सिंग होम ले गए।
पति दीनदायल ने बताया कि नर्सिंग होम के डॉक्टर गुरुवार को ऑपरेशन करेंगे। सीएमएस डॉ. एसपी चौधरी ने बताया कि पथरी का ऑपरेशन कराने आई एक महिला ने सर्जन डॉ. प्रशांत मिश्रा पर ऑपरेशन के नाम पर पैसे मांगने की लिखित शिकायत दी है। मामला गंभीर है। इसकी जांच कराई जाएगी।