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नहीं हुई हत्याकर फेंके गए युवतियों के शव की पहचान

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दहीचौकी में बुधवार को दो युवतियों के शव मिलने के बाद आसपास की फैक्टरी में श्रमिकों को पोस्टर दिखा - फोटो : UNNAO
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उन्नाव। सदर कोतवाली के दहीचौकी औद्योगिक क्षेत्र में दो युवतियों की हत्या कर फेंके गए शव की पहचान कराने के लिए पुलिस ने दिनभर पसीना बहाया। औद्योगिक इकाइयों में मजदूरों, कर्मचारियों को शव के फोटो दिखाकर पहचान कराने का प्रयास किया। वहीं, शहर के मोहल्ला शिवनगर, ग्राम गजौली, झंझरी आदि गांवों में बड़ी संख्या में किराये पर रहने वाले श्रमिकों से भी मृत युवतियों की पहचान कराने की कोशिश की। हालांकि पुलिस को अभी तक सफलता नहीं मिली।
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मालूम हो कि शहर कोतवाली क्षेत्र में बुधवार सुबह लखनऊ-कानपुर हाईवे से करीब डेढ़ सौ मीटर की दूरी पर दही चौकी औद्योगिक साइट-1 में एक ढाबा के पीछे झाड़ी में दो युवतियों के शव मिले थे। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच की थी। करीब पचास मीटर की दूरी पर मिले युवतियों के शव में एक की उम्र करीब 22 वर्ष थी। वह पीले रंग का कुर्ता-सलवार पहने थी, दाहिने हाथ में कलावा मिला था। जबकी दूसरी 24 वर्षीय युवती काला व लाल रंग का चेकदार कुर्ता व सलवार पहने थी। उसके दाहिने हाथ में एसआरएमपी लिखा था। पहचान न होने से दोनों शवों को पोस्टमार्टम हाउस में रखवा दिया गया है। घटना के खुलासे के लिए कोतवाली पुलिस दोनों मृत युवतियों की पहचान की कवायद में जुटी रही। दही पुलिस चौकी प्रभारी प्रेम नरायन सरोज ने बताया कि लोगों को फोटो दिखाकर मृतकों की पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है। जगह-जगह पंफलेट भी चिपकाए गए हैं। लोगों से अपील की है कि किसी को जो भी जानकारी हो सूचना दे सकता है। अगर वह चाहे तो पहचान गुप्त रखी जाएगी।
कानपुर और रायबरेली से आए लोग, शव की शिनाख्त नहीं
समाचार पत्रों में सदर कोतवाली क्षेत्र में दो युवतियों के शव मिलने की सूचना पर कानपुर चकेरी व रायबरेली के लालंगज से दो लोग शव की पहचान करने के लिए पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। कानपुर चकेरी से आए दंपति ने कोतवाली प्रभारी दिनेश चंद्र मिश्रा को बताया कि उनकी 18 साल की बेटी 4 जुलाई से लापता है। इसपर पुलिस के साथ दंपति को पोस्टमार्टम हाउस भेजकर शव दिखवाए। हालांकि दंपति ने शव देखकर अपनी बेटी का नहीं होने की पुष्टि की। इसी दौरान रायबरेली के लालंगज निवासी एक युवक अपनी लापता बेटी के शक में पोस्टमार्टम हाउस पहुंचा। सिपाही ने शव के फोटो दिखाए तो उन्होंने बेटी का शव न होने की पुष्टि की।
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हर बिंदु पर हो रही जांच, सर्विलांस भी लगी
सीओ सिटी यादवेंद्र यादव ने बताया कि दोनों युवतियों की हत्या की घटना का खुलासा बड़ी चुनौती है। खुलासे के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। सर्विलांस टीम से घटना स्थल के आसपास की मोबाइल डेटा रिकार्ड और काल डेटा रिकार्ड भी खंगाला जा रहा है। बताया कि पता लगाया जा रहा है कि 15 दिनों के अंतराल में वह कौन-कौन से संदिग्ध मोबाइल नंबर हैं जो घटना स्थल पर कुछ देर सक्रिय रहे। साथ ही जांच के और भी कई गुप्त तरीके अपनाए जा रहे हैं। बताया कि अन्य जिलों की पुलिस से भी संपर्क किया गया है। उन्हें फोटो भेजकर उनके थाना या सर्किल क्षेत्र से लापता युवतियों के फोटो से मिलान कराया जा रहा है।
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