कोतवाली क्षेत्र के अधिलिया चौराहे के पास पुलिया के नीचे गड्ढे में भैंसें पानी पी रही थी, तभी हाईटेंशन लाइन का तार टूट कर पानी में गिर गया। इससे करंट आने से 13 भैंसों की मौत हो गई। चरवाहों ने अन्य मवेशियों को वहां से भगाया और घटना की जानकारी प्रधान के पति मूलचंद्र को दी।
प्रधान ने बिजली की आपूर्ति बंद कराई और प्रशासनिक अधिकारियों को जानकारी दी। करंट से भैंसों की मौत की सूचना पर एसडीएम, सीओ व विद्युत विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे। मौके पर जांच के बाद बिजली विभाग के अधिशाषी अभियंता ने चरवाहों को नुकसान की भरपाई एक सप्ताह के अंदर कराने का आश्वासन दिया। तब जाकर मामला शांत हुआ।
शाहपुर व अधिलिया गांव में रहने वाले चरवाहे शनिवार को मवेशी लेकर जंगल की ओर गए थे। शाहपुर व अधिलिया चौराहे के बीच पड़ने वाली एक पुलिया के नीचे गड्ढे में पानी भरा था। मवेशी चरने के बाद उसी में रोजाना की तरह पानी पीने चले गए। इसी दौरान हाईटेंशन लाइन का तार टूटकर गिरा। इससे पानी में करंट उतर आया और 13 भैंसों की मौत हो गई।
चरवाहों में शाहपुर निवासी नन्हा पुत्र मुन्ना ने घटना की जानकारी ग्राम प्रधान के पति मूलचंद्र को दी। तब मूलचंद्र ने सप्लाई बंद कराई। मौके पर पहुंचे एसडीएम कृपाशंकर यादव, सीओ अशोक सिंह व विद्युत विभाग के एक्सईन एके दोहरे ने जानकारी ली। चरवाह नन्हा ने बताया कि भैंसें भारत, रघुवीर, सुखवीर व भजनलाल की थीं। देखरेख वही कर रहा था। इसमें सात भैंसें दूध देने वाली थीं। अधिशाषी अभियंता ने मवेशियों के नुकसान की भरपाई जल्द कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद पशु चिकित्साधिकारी को बुलाकर भैंसों का पोस्टमार्टम कराया गया और वहीं दफना दिया गया।
बाल-बाल बचा युवक
अधिलिया चौराहे के पास जिस समय हाईटेंशन लाइन का तार टूटकर गिरा। उसी समय शाहपुर गांव के ही इबरान पुत्र शमशेर शौच के लिए गया था। यह तो अच्छा हुआ कि तार टूटकर गड्ढे में गिरा। इससे मवेशियाें की मौत हुई। इबरान ने अपने सामने भैंसों को तड़पते देख कर भागा और अपने माता-पिता को इसकी जानकारी दी।