हिलौली प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में गर्भवती को लात मारने की सूचना पर जांच करती पुलिस।
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मौरावां। हिलौली प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आई गर्भवती ने स्वास्थ्य एवं शिक्षाधिकारी (ईएचओ) पर तीन हजार रुपये मांगने और न देने पर पेट पर लात मारने का आरोप लगाया है। पीड़िता ने रिपोर्ट दर्ज कराने को तहरीर दी है।
रामपुर के मजरे देवमई निवासी गर्भवती शीलावती का कहना है कि 14 फरवरी 2020 को आशा कार्यकर्ता संतोष कुमारी के साथ आकर स्वास्थ्य केंद्र में नसबंदी कराई थी। नसबंदी फेल हो जाने से वह सात महीने की गर्भवती हो गई। इसकी जानकारी होने पर 12 अक्तूबर को वह फिर आशा कार्यकर्ता के साथ स्वास्थ्य केंद्र आई। स्वास्थ्य एवं शिक्षाधिकारी से मुलाकात की। उन्होंने नसबंदी का फार्म दोबारा भरवाने के लिए तीन हजार रुपये की मांग की। कहा कि बाद में तुम्हें 30 हजार रुपये मिलेंगे। 14 अक्तूबर को आना फार्म भरवा देंगे।
बुधवार को फार्म भरकर दोबारा पहुंची तो स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी ने तो फार्म पर हस्ताक्षर कर दिए। स्वास्थ्य एवं शिक्षाधिकारी के पास गई तो उन्होंने पैसों की मांग की। न देने पर फार्म फाड़ दिया और पेट पर लात मारी। स्वास्थ्य एवं शिक्षाधिकारी ने सभी आरोपों को गलत बताया है। थानाध्यक्ष राजेंद्र राजावत ने बताया कि स्वास्थ्य केंद्र में आशा कार्यकर्ताओं का पहले से ही विवाद चल रहा है। अब यह नया मामला आया है। इसकी जांच की जा रही है।