उन्नाव। पॉजिटिव केस मिलने पर स्वास्थ्य विभाग चौबीस घंटे में कांटेक्ट ट्रेसिंग कर उनकी जांच कराएगा। जिससे संपर्क में आने वालों को भी समय से भर्ती कराया जा सके। रैपिड रिस्पांस टीम व डोर टू डोर सर्विलांस टीम के प्रभारी क्षेत्र में सक्रिय रहकर कोविड मरीजों पर नजर रखेंगे। डीएम रवींद्र कुमार ने बैठक में स्वास्थ्य अधिकारियों को ये निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि शारीरिक दुर्बलता के साथ अन्य रोगों से पीड़ित मरीजों पर खास नजर रखी जाए। उनके संपर्क में रहने वालों की जांच कराई जाए। जिले में बनाए गए इंट्रीग्रेटेड कोविड कंट्रोल एंड कमांड सेंटरों की मानीटरिंग रैपिड रिस्पांस टीम करेगी। साथ ही आइसोलेशन वाले मरीजों को निगरानी में रखा जाए। रैपिड रिस्पांस टीम व डोर टू डोर सर्विलांस टीम के प्रभारी भी क्षेत्र में सक्रिय रहेंगे।
संक्रमित केस आने पर चौबीस घंटे के अंदर कांटेक्ट ट्रेसिंग करते हुए आसपास के घरों और नजदीकी व्यक्तियों तक टीमें पहुंचाए और उनकी स्क्रीनिंग कर लें। आवश्यकतानुसार उनकी जांच कर कोविड से बचाने के लिए प्रोटोकाल का पालन कराएं। बैठक में सीडीओ डॉ. राजेश कुमार प्रजापति, सीएमओ कैप्टन डा. आशुतोष कुमार, एसीएमओ डा. आरके गौतम सहित अन्य स्वास्थ्य अधिकारी उपस्थित रहे।