उन्नाव। सरैयां गांव में 25 वर्षीय किसान का शव गांव के बाहर खेत में नीम के पेड़ से लटका मिला। पुलिस ने बताया कि डेढ़ साल पहले जमीन की पैमाइश के दौरान लेखपाल से मारपीट पर दर्ज मुकदमें में पैरवी के लिए पिता ने रुपये देने से मना कर दिया था। इस पर किसान ने जान दे दी।
हरिओम उर्फ सुनील (25) पुत्र हरीशंकर खेती कर परिवार का खर्च चलाता था। इस समय खेत में आलू की फसल है। हरिओम की बहन गंगा के अनुसार मंगलवार सुबह चार बजे हरिओम खेत जाने की बात कहकर घर से निकला। इसके बाद वापस नहीं लौटा। सुबह छह बजे खेत गए ग्रामीणों ने गांव के बाहर दो सौ मीटर दूर नीम के पेड़ से रस्सी के सहारे हरिओम का शव लटका देखा। जानकारी पर घरवाले पहुंचे। ललऊखेड़ा चौकी प्रभारी जितेंद्र यादव ने बताया कि डेढ़ साल पहले हरिओम ने जमीन की नाप करने सरैया गांव गए राजस्व लेखपाल फूलचंद्र से मारपीट की थी। इसमें लेखपाल की अंगुली टूट गई थी। लेखपाल ने हरिओम पर मारपीट, सरकारी कार्य में बाधा और एससी/एसटी एक्ट में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसी मुकदमे की पैरवी के लिए हरिओम ने पिता से रुपये मांगे थे। पिता के इंकार करने पर उसने जान दे दी। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
हड़हा में तय थी शादी
चार भाई बहनों में हरिओम सबसे बड़ा था। मार्च में उसकी शादी अचलगंज के हड़हा में तय थी। परिजन शादी की तैयारियां कर रहे थे। मंगलवार सुबह उसकी मौत पर परिजन बेहाल हो गए। मां रामदेवी का रो-रोकर बुरा हाल था ।