उन्नाव। जनपद की आधा दर्जन से अधिक खस्ताहाल सड़कों पर सफर जल्द ही सुहाना होने वाला है। प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) पार्ट 2 से इन सड़कों का काम तेजी से चल रहा है। दो माह में सड़कों का निर्माण पूरा होने की उम्मीद है।
वर्ष 2016 की शुरुआत में केंद्रीय अधिकारियों ने पीएमजीएसवाई-2 के तहत जिले की खस्ताहाल सड़कों की डीपीआर(डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) मांगी थी। ग्रामीण अभियंत्रण सेवा विभाग के अधिकारियों ने सबसे ज्यादा खस्ताहाल 9 सड़कों को निर्माण के लिए चुना था। इन सड़कों में बड़े-बड़े गड्ढे थे। इनके दोबारा निर्माण के लिए 47 करोड़ की डीपीआर तैयार की गई थी। डीपीआर को अनुमोदन के लिए उत्तर प्रदेश ग्रामीण सड़क विकास अभिकरण लखनऊ भेजा गया था। मई 2017 में मरम्मत कार्य शुरू हुआ। अब इन सड़कों का निर्माण लगभग पूरा होने वाला है। अधिशाषी अभियंता एमएम खान ने बताया कि मार्च 2018 तक सभी सड़कों का निर्माण कार्य पूरा होना है।
इंसेट-1
इन सड़कों पर चल रहा काम
1-औरास से अलीपुर मिचलौला मार्ग। लंबाई 8.800 किमी.।
2-औरास संडीला रोड से दिपवल रोड। लंबाई 10 किमी.।
3-नेवाजखेड़ा अजगैन-मुशीगंज मार्ग से नवई मार्ग। लंबाई 9.600 किमी.।
4-गंगागंज से सिरधरपुर रोड वाया अलमरौसी मार्ग। लंबाई 6.200 किमी.।
5-कोरारी मोड़ से जमुका रोड। लंबाई 7 किमी.
6-बेहटा भवानी रोड से बक्तीखेड़ा रोड वाया गढ़ाकोला कठार मार्ग। लंबाई 8 किमी.
7-पुरवा अचलगंज रोड से मंगतखेड़ा वाया पासाखेड़ा रोड। लंबाई 5.5 किमी.।
8-पिपरोसा पुरवा रोड ओसिया से उमाखेड़ा वाया अरम मार्ग। लंबाई 7.100 किमी.।
9-नेशनल हाईवे 25 से सोहरामऊ से मोहमदापुर मार्ग। लंबाई 5.715 किमी.।