पुलिस गिरफ्त में माया का हत्यारोपी बहनोई गौरीशंकर। संवाद
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चकलवंशी। लूट के विरोध पर बहनोई ने पहले महिला का गला घोटा था। फिर जीवित होने के अंदेशे पर गर्दन पर चाकू से वारकर भाग गया था। शुक्रवार देर रात तीन डॉक्टरों के पैनल ने वीडियोग्राफी के साथ पोस्टमार्टम की रिपोर्ट में इसका खुलासा हुआ है। दो स्लाइड भी बनाई गई हैं। शनिवार को कोर्ट ने आरोपी को जेल भेजा है।
लखनऊ के माल थाना क्षेत्र के आदमपुर निवासी संतराम का विवाह चार वर्ष पूर्व हरदोई के बेंहदर के माखनखेड़ा निवासी माया देवी से हुआ था। पत्नी जरी जरदोजी का काम करती थी। मेहनत से उसने 12 हजार रुपये इकट्ठा किए थे। इससे वह जेवर बनवाना चाहती थी। उसने करीमाद गांव निवासी बहनोई गौरीशंकर से जेवरात बनवाने के लिए कहा था। 6 अक्तूबर को माया ससुराल से अपने मायके पहुंची। बहनोई गौरीशंकर ने सात अक्तूबर को उसे फोन पर पहले चकलवंशी और फिर रसूलाबाद में मिलने को कहा। तीन वर्षीय बेटे मोहित के साथ माया बस से रसूलाबाद में उतरी। वहां से गौरीशंकर उसे बाइक में बैठाकर शाम चार बजे माखी के पास शारदा नहर की झाड़ियों में ले गया और उससे बाइक की किस्त जमा करने के लिए रुपये मांगे। माया के विरोध करने पर बहनोई ने पहले उसे पीटा और फिर गला घोट दिया। जीवित रहने के अंदेशे पर गले में चाकू से वार कर बैग से 15 हजार रुपये लूट लिए। पर्स व चाकू धान के खेत में फेंक दी। वह बच्चे को भी मारना चाहता था पर कुछ चरवाहों की आवाज सुनकर बच्चे को छोड़कर बाइक लेकर भाग निकला।
देर रात डॉ. अल्का शुक्ला, विशाल भगत व डॉ. तौसीफ के पैनल ने वीडियोग्राफी के बीच शव का पोस्टमार्टम किया गया। गला घोंटने से महिला की मौत पुष्टि हुई है। उसके शरीर पर अन्य खरोंच के निशान भी मिले हैं। चाकू से गले में वार किए जाने की भी पुष्टि हुई है। थाना प्रभारी राजकुमार ने बताया हत्यारोपी की अपनी साली माया से गहरी नजदीकियां थी। इसी वजह से वह बहनोई के साथ नहर पटरी के पास झाड़ियों तक चली गई। एसओ के अनुसार आरोपी ने लूटे गए रुपयों में 6800 रुपये बाइक की किस्त जमा की। शेष रुपये उसके पास से बरामद किए गए हैं। आरोपी की निशादेही पर चाकू, मृतका का मोबाइल व लूटे गए शेष बचे रुपये बरामद किए हैं।