आईपीसएआर इंस्टीट्यूट्स सोहरामऊ में रविवार को प्रोफेशन ऑफ फार्मेसी, चैलेंजेस एंड अपारचुनटीस विषयक अखिल भारतीय सेमिनार का आयोजन किया गया। मुख्य वक्ता जामिया हमदर्द विश्वविद्यालय,नई दिल्ली के प्रो. एसएच अंसारी ने कहा फार्मेसी के क्षेत्र में लगातार चुनौतियां बढ़ रही हैं।
इस क्षेत्र में विश्वस्तर पर रिसर्च हो रही हैं। आम लोगों को सस्ती दर पर चिकित्सकीय सुविधाएं उपलब्ध कराने के प्रयास लगातार जारी हैं। ऐसी स्थिति में फार्मेसी के क्षेत्र में कैरियर की अपार संभावनाएं हैं।
प्रो. एसएच अंसारी ने कहा भारतीय टैलेंट की तूती पूरी दुनिया में बोल रही है। तमाम विदेशी कंपनियों में भारतीयों की डिमांड बढ़ी है। यही वजह है फार्मेसी के प्रति लोगों में रुझान भी बढ़ा है।
सेमिनार में बाबू बनारसी दास इंस्टीट्यूट के निदेशक प्रो. शैलेन्द्र सर्राफ , यूनाईटेड ग्रुप ऑफ इंस्ट्ीट्यूशन्स के निदेशक डॉ. आलोक मुखर्जी, एमिटी विश्वविद्यालय के प्रो. प्रमेश कुमार द्विवेदी, इंटीग्रल विश्वविद्यालय के डा. जुबैर अख्तर, क्रिशंट विश्वविद्यालय की प्रो. नीलम मिश्रा ने भी फार्मेसी की उपयोगिता पर विचार व्यक्त किए।
अआईपीएसआर ग्रुप आफ इंस्ट्ीट्यूशन्स के चेयरमैन बद्री विशाल तिवारी अतिथियों का स्वागत किया। इंस्ट्ीट्यूशन्स के निदेशक डॉ. जेएन पडिंत ने बताया सेमिनार ने न केवल फार्मेसी बल्कि चिकित्सा के अन्य क्षेत्रो से जुड़ें लोगों को फायदा पहुंचाया है। सेमिनार की अध्यक्षता आईपीएसआर ग्रुप के अध्यक्ष डॉ. जितेन्द्र तिवारी ने की।
इस मौके पर ग्रुप के सेक्रेटरी एवं विभागाध्यक्ष प्रदीप सिंह, कोअर्डिनेटर अजीत सिंह, प्रज्ञेश पाण्डेय , हेमा जायसवाल , नेहा जायसवाल आदि शिक्षक एवं शिक्षिकाएं भी मौजूद रहे। इस मौके पर पोस्टर प्रजेंटेशन और पेपर प्रजेंटेशन में सफल छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत भी किया गया।