लखनऊ से आए बम निरोधक दस्ते ने रेलवे स्टेशन पर दो घंटे तक सघन चेकिंग की। इस दौरान स्टेशन परिसर का चप्पा-चप्पा खंगाला। दस्ते ने खोजी कुत्ते की मदद से प्लेटफार्म से लेकर सरकुलेटिंग एरिया में जाकर जांच पड़ताल की।
यात्रियों के लगेज को खुलवाकर मेटल डिटेक्टर से चेक किया गया। अचानक चेकिंग से यात्रियों में दहशत फैल गई। हालांकि चेकिंग में दस्ते को कुछ भी नहीं मिला।
लखनऊ रेलवे के उच्चाधिकारियों के निर्देश पर बम स्क्वायड प्रभारी शीर्ष सिंह के नेतृत्व में उन्नाव रेलवे स्टेशन पहुंचा। जीआरपी एसओ अनिल कुमार मिश्रा व आरपीएफ प्रभारी राजीव रंजन के साथ दस्ता पहले प्लेटफार्म नंबर एक पहुंचा, यहां बैठे यात्रियों के बैगों की जांच पड़ताल के साथ संदिग्ध दिखे लगेज को खुलवाकर चेक किए।
साथ ही प्लेटफार्म पर रखे कूड़ेदान की मेटल डिटेक्टर से जांच की। बाद में दस्ता प्लेटफार्म नंबर दो पर पहुंचा। यहां लखनऊ जा रहे एक यात्री के पास कई बैग व अन्य लिफाफे दिखने पर दस्ते ने उसका बैग, अटैची व अन्य सामान खुलवाकर तलाशी ली।
टीम स्टेशन के बाहर निकली और स्टैंड पर जाकर वाहनों को चेक किया। दस्ते ने खोजी कुत्ते की सहायता से टिकट व आरक्षण खिड़की पर जाकर जांच पड़ताल की।
जीआरपी एसओ ने बताया कि सुरक्षा को देखते हुए उच्चाधिकारियों के निर्देश पर लखनऊ से आए बम निरोधक दस्ते के साथ चेकिंग अभियान चलाया गया। संदिग्ध यात्रियों व लगेज को खुलवाकर चेक किया गया। फिलहाल चेकिंग में कुछ खास नहीं मिला।