नवाबगंज (उन्नाव)। निबहरी गांव के जिस युवक की हत्या का मुकदमा दर्ज था, जिंदा लौट आया है। परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने गांव के छह लोगों पर अपहरण और हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया था। इतना ही नहीं, उन्होंने तो उसका कंकाल भी बरामद करा दिया था।
सोहरामऊ थानाक्षेत्र के निबहरी गंाव निवासी सदीक का पुत्र वसीम (25) जून 2011 में घर से गायब हो गया था। वह मां से कुछ पैसे भी ले गया था। परिजनों ने उसकी काफी खोजबीन की लेकिन पता नहीं चला। 24 जून 2011 को परिवार के लोगों ने थाने में तहरीर देकर अपहरण कर वसीम की हत्या की तहरीर दी। जिस पर पुलिस ने गांव के छह लोगों पर एफआईआर दर्ज कर ली थी।
विवेचना में मामला संदिग्ध लगने पर आरोपियों पर पुलिस ने कार्रवाई नहीं की। एक पखवारे के बाद वसीम के परिजनों ने पुलिस को एक स्थान से खोपड़ी का कंकाल, चप्पलें और कुछ कपड़े पुलिस को बरामद करा दिए। कंकाल को डीएनए टेस्ट के लिए भेजा गया था जिसकी रिपोर्ट अभी तक नहीं आई है। वसीम के परिजन पुलिस पर आरोपियों की गिरफ्तारी का दबाव डाल रहे थे। दो दिन पहले वसीम निबहरी अपने घर पहुंच गया। उसे देख ग्रामीण हैरत में पड़ गए। ग्रामीणों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस को पूछताछ में वसीम ने बताया वह मां से पैसे लेकर मुम्बई चला गया था। थानाध्यक्ष दिवाकर प्रसाद सरोज ने बताया कि मामले की विवेचना की जा रही है। वादी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा।