अटवा बैक में मलेरिया से वृद्ध की मौत
उन्नाव। गंजमुरादाबाद क्षेत्र के ग्राम अटवा बैक में एक और वृद्ध की मलेरिया की चपेट में आकर मौत हो गई। इस गांव में एक माह में डेंगू से आंगनबाड़ी सहायिका समेत दो व मलेरिया से तीन लोगों की मौत हो चुकी है। गांव में अभी भी 50 से ज्यादा लोग मलेरिया व वायरल बुखार से पीड़ित हैं।
विकासखंड के ग्राम अटवा बैक में बाबू चौरसिया (60) पुत्र दूबरि को एक सप्ताह पहले बुखार आया था। परिजन निजी अस्पताल में उपचार करा रहे थे। यहां उपचार दौरान इनकी मौत हो गई। इससे पहले गांव में मूंगा (55) पत्नी शिव कुमार और मोहम्मद कासिम (62) की मलेरिया की चपेट में आकर मौत हो चुकी है।
सतीश पुत्र सियाराम की डेंगू से लखनऊ में उपचार के दौरान मौत हो गई थी। वहीं डेंगू की चपेट में आकर आंगनबाड़ी सहायिका यमुना देवी पत्नी पप्पू दिवाकर ने भी दम तोड़ दिया था।
- एक माह में डेंगू से दो व मलेरिया से तीन की मौत
अमर उजाला ब्यूरो
अस्पतालाें में दवाएं नहीं, झोलाछापों की मौज
सरकारी अस्पतालों में दवाएं न होने से स्वास्थ्य सेवाएं बेपटरी हैं। ऐसे में अस्पताल में डॉक्टर मरीजों को सिर्फ सलाह दे रहे हैं। मरीज मजबूरी में झोलाछापों से मदद लेने को मजबूर हैं। बिछिया क्षेत्र के निजी अस्पतालों में वायरल फीवर से पीड़ित मरीजों की भीड़ लगी है।
पिता की मौत के बाद बेटे की बिगड़ी हालत
औरास थानाक्षेत्र के मढ़ियामऊ में स्वाइन फ्लू से पीड़ित रामचंद्र की मौत के बाद शनिवार को उसके बेटे शिवकुमार की हालत बिगड़ गई। बेटे में स्वाइन फ्लू के लक्षण होने की आशंका पर रविवार को परिजन उसे लखनऊ ले गए। यहां एक निजी अस्पताल में उपचार किया जा रहा है। वहीं इस गांव में एक दर्जन से अधिक लोग बुखार से पीड़ित हैं। गांव के रामनाथ (55), सुखदेई (60), अनीता (32), राजेंद्र (35) व बालगोविंद (33) का परिजन गांव में ही उपचार करा रहे हैं।