कूरेभार। सीएचसी में एक संविदाकर्मी के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने और अभिलेख नष्ट करने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की गई है। आरोपी ने 15 गर्भवती महिलाओं के अल्ट्रासाउंड वाउचर फाड़ दिए, जिससे उन्हें सुविधा नहीं मिल सकी। यह कार्रवाई सीएचसी अधीक्षक की तहरीर पर हुई है।
सीएचसी अधीक्षक डॉ. शैलेश प्रताप सिंह की तहरीर के अनुसार, एमसीटीएस (मातृ एवं शिशु ट्रैकिंग प्रणाली) ऑपरेटर कृष्ण मोहन तिवारी को 26 जून को पोस्टमार्टम हाउस में ड्यूटी पर लगाया गया था। वह ड्यूटी से अनुपस्थित रहे, जिसके बाद उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया।
आरोप है कि नोटिस मिलने से नाराज कृष्ण मोहन शराब के नशे में कार्यालय में व्यवधान उत्पन्न करते थे। पहली जुलाई को दोपहर करीब दो बजे आउटसोर्सिंग कर्मचारी जगदीश कुमार गर्भवती महिलाओं को अल्ट्रासाउंड वाउचर बांट रहे थे। तभी कृष्ण मोहन ने उनके हाथ से 15 वाउचर छीनकर फाड़ दिए।
इस घटना से उस दिन गर्भवती महिलाओं को अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं मिल पाई। थानाध्यक्ष उपेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि बुधवार को सीएचसी अधीक्षक की तहरीर पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।