अपर पुलिस अधीक्षक अखंड प्रताप सिंह ने बताया कि शुक्रवार रात जौनपुर की तरफ से संदिग्ध वाहन आने की सूचना मिली थी। इसपर एसओजी के साथ लंभुआ व चांदा पुलिस ने सुल्तानपुर-वाराणसी फोरलेन पर जांच शुरू कर दी। यह देख काली फिल्म लगी बोलेरो से बदमाश मुरली नहर की तरफ भागने लगे। पुलिस ने पीछा किया, तो नहर पटरी के किनारे बोलेरो मिट्टी में फंस गई। पुलिस ने उन्हें घेर लिया। इसपर तीन बदमाशों ने वाहन से उतरकर फायरिंग शुरू कर दी।
आठ जिलों में दर्ज हैं गंभीर मुकदमे
अजय नोना, रवींद्र वर्मा व मोनू के विरुद्ध प्रदेश के आठ जिलों में गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। अजय नोना के खिलाफ आजमगढ़, बस्ती, जौनपुर, प्रतापगढ़, सुल्तानपुर, अंबेडकरनगर व संतकबीरनगर में 55 मुकदमे दर्ज हैं। मोनू के खिलाफ बस्ती, सुल्तानपुर व अंबेडकरनगर के विभिन्न थानों में छह तो रवींद्र वर्मा के खिलाफ जौनपुर, अंबेडकरनगर, सुल्तानपुर, प्रतापगढ़, आजमगढ़, अयोध्या जिले के विभिन्न थानों में कुल 52 मुकदमे दर्ज हैं।
पांच दिन पहले फोरलेन पर खड़े ट्रक से चुराया था इन्वर्टर और बैटरी
चांदा कोतवाली क्षेत्र के बाईपास पर मौजूद एक रेस्टोरेंट पर गत 31 अगस्त को इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ले जा रहा मिनी ट्रक चालक वाहन खड़ा करके सो गया था। इस दौरान बदमाशों ने 10 बैटरी, आठ इन्वर्टर, एक इंडक्शन चूल्हा व एक इलेक्ट्रॉनिक केतली चुरा ली थी। चांदा पुलिस तभी से बदमाशों की तलाश में जुट गई थी। सर्विलांस टीम व सीसीटीवी कैमरों की मदद से वारदात में प्रयुक्त बोलेरो का सुराग लगा, तो पुलिस की राह और आसान हो गई।
तीन दिन से बदमाशों को तलाश रही थी पुलिस
पुलिस को बदमाशों के जिले में आने की जानकारी तीन दिन पहले ही हो गई थी। इस कारण हाईवे के थानों को अलर्ट किया गया था। शुक्रवार रात बदमाशों की जानकारी पर चांदा, लंभुआ व कोतवाली देहात पुलिस सक्रिय हो गई। लंभुआ पुलिस ने डकाही बाईपास के पास सघन जांच अभियान भी चलाया था। इस दौरान कई सरकारी वाहन भी रोके गए थे।