सुल्तानपुर। मानव संपदा पोर्टल से वेतन रिलीज होने की वजह से बेसिक शिक्षा विभाग के 10 हजार शिक्षकों को समय से वेतन नहीं मिल पा रहा है। अमूमन एक या दो तारीख में मिलने वाला वेतन अभी तक खातों में नहीं पहुंचा है। इसको लेकर शिक्षकों में काफी रोष हैं।
शासन ने जुलाई से सभी शिक्षकों का वेतन मानव संपदा पोर्टल के माध्यम से उनके वेतन खातों में भेजने का निर्देश दिया था। लेखा विभाग की ओर से खातों की फीडिंग कराई जा रही थी। शुक्रवार तक शिक्षकों के खाते में वेतन नहीं पहुंच सका है।
परिषदीय प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों में तकरीबन 10 हजार शिक्षक कार्यरत हैं। इन शिक्षकों को वेतन प्रत्येक माह की एक या दो तारीख को मिल जाता था। रिलीज करने के लिए प्रपत्र-9 हर महीने की 21 तारीख को जमा कराया जाता है।
इसी प्रपत्र-9 के आधार पर शिक्षकों के वेतन रिलीज होते हैं। उधर, कुछ महीनों से शिक्षकों का वेतन रिलीज होने में काफी समय लग रहा है। अमूमन एक या दो तारीख को खातों में पहुंचने वाला वेतन शिक्षकों के खाते में महीने के दूसरे सप्ताह तक भेजा जा रहा है। इसको लेकर शिक्षकों में नाराजगी है।
कुछ शिक्षकों का कहना है की बहुत सारे लोग लोन लिए हैं, जिसकी ईएमआई एक निश्चित समय पर कटती है। खाते में पैसा नहीं होने से सिविल स्कोर खराब हो रहा है। साथ ही क्रेडिट कार्ड पर लिया गया पैसा समय पर नहीं चुकाने पर अतिरिक्त ब्याज देना पड़ रहा है। इसके अलावा दैनिक खर्च में भी दिक्कतें हो रही हैं।
सर्वर की कमी से हुई दिक्कत
वित्त एवं लेखाधिकारी अमित मोहन मिश्रा का कहना है कि मानव संपदा पोर्टल के माध्यम से वेतन भेजने की वजह से देरी हुई है। अगले माह से नार्मल तरीके से एक या दो तारीख तक वेतन खातों में पहुंच जाएगा। जून माह का वेतन शुक्रवार को भेज दिया गया है। सर्वर की कमी की वजह से देर-सबेर खातों में वेतन पहुंच जाएगा।