सुल्तानपुर। कूरेभार विकास खंड की कूरेभार ग्राम पंचायत अब आटा के व्यवसाय के जरिये आत्मनिर्भर बनने की दिशा में कदम बढ़ा रही है। पंचायत परिसर में करीब 30 लाख रुपये की लागत से सोलर आटा चक्की स्थापित की जा रही है। यहां पिसे आटे को छोटे और बड़े पैकेट में पैक कर बाजार में उतारा जाएगा। इससे ग्राम पंचायत की आय बढ़ेगी और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी मिलेंगे।
मुख्यमंत्री पंचायत प्रोत्साहन योजना के तहत बीते वित्तीय वर्ष में उत्कृष्ट कार्य के लिए कूरेभार ग्राम पंचायत को 30 लाख रुपये की धनराशि मिली थी। ग्राम प्रधान गीता देवी की पहल पर इसी धनराशि से सोलर आटा चक्की स्थापित की जा रही है। प्रधान प्रतिनिधि सुरेश कुमार ने बताया कि चक्की के लिए 50 किलोवाट क्षमता का सोलर संयंत्र लगाया जाएगा। पिसाई के लिए उच्च क्षमता की मशीन स्थापित की जाएगी, जो एक घंटे में करीब एक टन गेहूं की पिसाई करेगी। इसके लिए पंचायत परिसर में भवन का निर्माण कराया जा रहा है। भवन तैयार होते ही मशीन लगाकर संचालन शुरू कर दिया जाएगा। पंचायत की योजना के तहत चक्की से तैयार आटे को ब्रांड के रूप में पैक कर बाजार में बेचा जाएगा। इससे गांव में तैयार उत्पाद को पहचान मिलेगी और पंचायत के लिए स्थायी आय का स्रोत भी बनेगा।
स्वयं सहायता समूह की महिलाएं संभालेंगी जिम्मेदारी
एडीओ पंचायत प्रकाश कुमार मिश्र ने बताया कि सोलर आटा चक्की का संचालन स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को दिया जाएगा। महिलाएं गेहूं की पिसाई, पैकेजिंग और बाजार में बिक्री का काम संभालेंगी। इससे महिलाओं की आमदनी बढ़ेगी और उन्हें गांव में ही रोजगार का अवसर मिलेगा।
उत्कृष्ट कार्य पर मिली थी प्रोत्साहन राशि
जिला पंचायत राज अधिकारी अभिषेक शुक्ल ने बताया कि बीते वित्तीय वर्ष में उत्कृष्ट कार्य के लिए कूरेभार ग्राम पंचायत को दूसरा स्थान मिला था। गांव को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से शासन ने 30 लाख रुपये दिए हैं। इसी धनराशि से सोलर आटा चक्की स्थापित की जा रही है।