जयसिंहपुर ब्लॉक मुख्यालय के पास शुक्रवार दोपहर बाद नहर में गिरी जीप के चालक के शव को शनिवार को मियागंज के पास गोताखोरों ने बाहर निकाल लिया। घटना के 24 घंटे बाद तक कोई व्यक्ति किसी के गुम होने की सूचना देने कोतवाली नहीं पहुंचा था, जिसकी वजह से पुलिस भी मान रही है कि जीप में सिर्फ चालक ही सवार था।
मोतिगरपुर थाना क्षेत्र के डींगुरपुर बनकेगांव निवासी भगेलू पुत्र भूरे की बेटी खुशबू की चौथ लाने के लिए परिवारीजन जीप बुक कराकर शुक्रवार को सदरपुर आए थे। जीप चालक विजय पांडेय (40) पुत्र रामसुख निवासी अहदा थाना मोतिगरपुर सभी को सदरपुर गांव में हृदयराम के घर पहुंचाने के बाद हवा चेक कराने के लिए जयसिंहपुर बाजार गया था।
लौटते समय जीप अनियंत्रित होकर नहर में गिर पड़ी थी। कुछ लोगों का दावा था कि जीप में तीन-चार लोग सवार थे, जबकि पुलिस सिर्फ जीप चालक के ही पानी में डूबने की बात कह रही थी। शुक्रवार से ही गोताखोर नहर में विजय की तलाश में जुटे थे।
शनिवार दोपहर बाद करीब एक बजे घटना स्थल से एक किलोमीटर दूर मियागंज के पास नहर में विजय का शव एक पेड़ में फंसा पाया गया। गोताखोरों ने पहुंचकर शव को बाहर निकाल लिया। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा है।
अहदा गांव निवासी जीप चालक विजय पांडेय के परिवार में पत्नी सुनीता और दो बेटे हैं। बड़ा बेटा नीरज (17) और छोटा सर्वेश (15) हैं। शनिवार को नहर में विजय का शव पाए जाने के बाद परिवार में कोहराम मच गया। परिवारीजन रात भर विजय के जिंदा होने की उम्मीद में नहर के पास ही बैठे रहे।