श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के एक दिन पहले ही धार्मिक पर्व को धूमधाम से मनाने का उल्लास लोगों में दिखाई दिया। शहर के शैक्षणिक संस्थानों में नाट्य मंचन के दौरान बच्चों ने राधा-कृष्ण के वेश में प्रतिभा प्रदर्शित की। मटकी से माखन खाने, गोपियों संग बाल कृष्ण की अटखेलियां, ग्वालों के साथ बांसुरी वादन जैसे दृश्य लोगों को खूब भाए। गोविंदा आला रे प्रतियोगिता में भी भगवान कृष्ण की वेशभूषा में बच्चों की टोलियों ने मीनार बनाकर मटकी तोड़ी। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बच्चों को पुरस्कृत किया गया।
शहर के महुअरिया में स्थित शेम्फोर्ड स्कूल में बुधवार को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी उत्सव उत्साह और हर्षोल्लास से मनाया गया। भक्ति गीत और गोपियों के नृत्य के साथ हुए कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं ने मनमोहक प्रस्तुति दी। विद्यालय प्रांगण में दही-हांडी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। एक तरफ छात्रों की टीम थी तो दूसरी तरफ छात्राओं की टीम। अंतत: छात्राओं की टीम विजयी रही। हर्षिता, रिया सिंह व जीनत की विजेता टीम की सभी 13 प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम का संचालन नीलिमा त्रिपाठी ने किया।
सरस्वती विद्या मंदिर वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय विवेकानंद नगर में बुधवार को श्रीकृष्ण जन्मोत्सव मनाया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रबंधक सुनील कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का जीवन हमें विपरीत परिस्थितियों में जीवन जीने की सीख देता है। आचार्य शेषमणि दुबे ने कहा कि हमें भगवान कृष्ण के जीवन से सीख लेनी चाहिए। विद्यालय की छात्र-छात्राओं ने भगवान श्रीकृष्ण की आकर्षक झांकियां सजाई। इस दौरान आर्ट गैलरी में ब्लैक बोर्डों पर जन्माष्टमी का चित्रांकन करने वाले प्रतिभागियों को प्रबंधक ने पुरस्कृत किया।
शहर के शाहगंज स्थित रामराजी सरस्वती बालिका इंटर कॉलेज में कृष्ण जन्माष्टमी की झांकी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। बालिका वर्ग में महक कसौंधन, ओमिका, महक निशाद, हर्षिता आदि की झांकी को प्रथम स्थान मिला। किशोर वर्ग में द्रोपदी चीर हरण की नृत्य नाटिका में साक्षी, हर्षिता, अंशिका, अनुराधा की टीम को प्रथम स्थान प्राप्त हुआ। इस मौके पर प्रधानाचार्या कुसुम सिंह, मंजूलता श्रीवास्तव, सुमन सिंह आदि मौजूद रहे।