सुल्तानपुर। शहर के चौक स्थित जामा मस्जिद और गांधी आश्रम खादी ग्रामोद्योग के बीच किराएदारी को लेकर करीब 24 वर्ष से चल रही मुकदमेबाजी का निस्तारण हो गया है। कोर्ट के आदेश पर पुलिस सुरक्षा के साथ अदालत से नियुक्त अमीन ने जामा मस्जिद को विवादित कमरे पर कब्जा दिला दिया।
कोतवाली नगर क्षेत्र के चौक में स्थित जामा मस्जिद में गांधी आश्रम खादी ग्रामोद्योग ने किराया पर कमरा ले रखा था। किराया देने में हीलाहवाली करने पर जामा मस्जिद के मुतवल्ली (प्रबंधक) की ओर से गांधी आश्रम खादी ग्रामोद्योग के खिलाफ बकाया किराया की वसूली के लिए वर्ष 1998 में कोर्ट में केस दायर किया गया था।
जामा मस्जिद के मुतवल्ली (प्रबंधक) निसार अहमद उर्फ गुड्डू की ओर से पैरवी कर रहे अधिवक्ता मो. अनीस खां ने बताया कि सिविल जज दक्षिणी की कोर्ट ने बकाया किराया देने का आदेश दिया था। इसके खिलाफ गांधी आश्रम खादी ग्रामोद्योग ने जिला जज की कोर्ट से लेकर हाईकोर्ट तक अर्जी दी लेकिन उन्हें कोई राहत नहीं मिली। सिविल जज दक्षिणी आशालिका पांडेय ने जामा मस्जिद को पुलिस सुरक्षा के साथ कब्जा दिलाए जाने का आदेश दिया था।
कोर्ट के आदेश पर नियुक्त अमीन दामोदर ने जामा मस्जिद के मुतवल्ली (प्रबंधक) निसार अहमद उर्फ गुड्डू, उनके अधिवक्ता मो. अनीस खां, विपक्षी के अधिवक्ता और पुलिस टीम के साथ चौक स्थित जामा मस्जिद पहुंचकर विवादित दुकान को खाली कराया और दुकान पर जामा मस्जिद को कब्जा दिला दिया। इसके साथ ही किराएदारी को लेकर करीब 24 वर्ष से चल रहे मुकदमे का अंतिम निस्तारण हो गया।