गोसाईंगंज (सुल्तानपुर)। हयातनगर गांव में शनिवार की रात द्वारचार के दौरान एक तेज रफ्तार बेकाबू एसयूवी बरातियों पर चढ़ गई। हादसे में एक बराती की मौत हो गई, जबकि दुर्घटना के बाद एसयूवी का चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने मृतक के भाई की तहरीर पर केस दर्ज कर वाहन को कब्जे में ले लिया है।
गोसाईंगंज थाना क्षेत्र के मौघाड़ा (सरवन) गांव निवासी राममूरत के बेटे सुनील की बरात शनिवार को इसी थाना क्षेत्र के हयातनगर निषाद बस्ती निवासी पुरुषोत्तम के घर गई थी। रात करीब 11 बजे बराती जनवासे से पुरुषोत्तम के घर जा रहे थे। बराती घर के समीप द्वारचार पर पहुंचे ही थे कि तभी तेज रफ्तार एक बेकाबू एसयूवी बरातियों पर चढ़ गई।
दुर्घटना में मनोज (25) पुत्र नन्हकू, जयशंकर (22) पुत्र शिव कुमार और सोमन (24) पुत्र हनुमान निवासी मौघाड़ा (सरवन) थाना गोसाईंगंज गंभीर रूप से घायल हो गए।
दुर्घटना के बाद एसयूवी चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया। घराती और बराती घायल मनोज, जयशंकर और सोमन को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने मनोज को मृत घोषित कर दिया।
सूचना के बाद पहुंची पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। पुलिस ने मृतक के भाई दिलीप कुमार की तहरीर पर अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ केस दर्ज कर वाहन को कब्जे में ले लिया है।
हयातनगर निवासी पुरुषोत्तम की बेटी की शादी शनिवार की देर रात गमगीन माहौल में संपन्न हुई। मनोज की मौत के बाद अधिकांश बराती रात में ही घर लौट गए। रविवार की सुबह शादी की रस्म पूरी होने के बाद दूल्हा भी परिवार और अन्य लोगों के साथ घर पहुंचा।
वनरोज से टकराई कार, बाल-बाल बचे सवार
धनपतगंज (सुल्तानपुर)। स्थानीय थाना क्षेत्र अंतर्गत पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर बेनीपुर गांव के पास वाराणसी की ओर जा रही कार वनरोज से टकरा गई। दुर्घटना में कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई, किसी तरह उस पर सवार लोग बाल-बाल बच गए। रविवार को लखीमपुर खीरी के शैलेंद्र प्रताप सिंह अपनी पत्नी दीप्ति सिंह और बेटी के साथ कार से वाराणसी की ओर जा रहे थे। शैलेंद्र बीएचयू में असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर तैनात हैं।
दोपहर करीब 12 बजे पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से गुजरते समय बेनीपुर गांव के पास अचानक सड़क पर आए वनरोज से उनकी कार टकरा गई। टक्कर इतनी जोरदार थी गाड़ी के आगे का हिस्सा पूरा क्षतिग्रस्त हो गया। दुर्घटना के समय कार के एयर बैग खुल जाने से दंपती बाल-बाल बच गए। सूचना पर पहुंचे यूपीडा कर्मचारियों ने घायलों का प्राथमिक उपचार किया और दूसरे वाहन से गंतव्य के लिए रवाना किया।