सुल्तानपुर। एक से 30 सितंबर तक जिले के सभी पेट्रोल पंप पर नो हेलमेट नो फ्यूल का अनुपालन कराने का निर्देश जारी किया गया है। अधिकारी भी जांच में निकल रहे हैं। पेट्रोल पंपों पर बैनर भी लगाए गए। बावजूद इसके कई स्थानों पर नियम का पालन होते नहीं दिख रहा है।
ग्रामीण क्षेत्र के पेट्रोल पंपों पर इस अभियान का पालन होते नहीं दिखाई दिया। यहां पर धड़ल्ले से बिना हेलमेट दो पहिया वाहन सवार पेट्राेल भरवा रहे हैं। परिवहन विभाग की ओर से बृहस्पतिवार को अलग-अलग पेट्रोल पंप पर 17 बाइक चालकों का चालान किया गया।
जिले के कादीपुर, जयसिंहपुर, गोसाईगंज और मोतिगपुर क्षेत्र के पेट्रोल पंपों पर बृहस्पतिवार को ऐसे कई दो पहिया वाहन दिखे, जिन्होंने हेलमेट नहीं लगाए था। परिवहन विभाग के पीटीओ शैलेंद्र तिवारी ने बताया कि बृहस्पतिवार को शहर व ग्रामीण क्षेत्र में करीब 20 पेट्रोल पंप की जांच की गई। कई लोग बिना हेलमेट के अपनी बाइकों में पेट्रोल भराने पहुंचे थे। कुछ लोग टीम को देखकर पेट्रोल पंप के बाहर से ही घूम गए। बाइकों में बिना हेलमेट के पेट्रोल भराते मिले लोगों का चालान किया गया।
जिला पूर्ति अधिकारी जीवेश कुमार मौर्य ने बताया कि शहर से कादीपुर रूट के 10 पेट्रोल पंपों की जांच की गई। पंप मालिकों को निर्देश के अनुपालन के बारे में बताया गया।
पेट्रोल पंप मालिकों ने की पुलिस कर्मियों की तैनाती की मांग
सुल्तानपुर। सुल्तानपुर पेट्रोलियम डीलर एसोसिएशन ने बृहस्पतिवार को डीएम-एसपी को ज्ञापन दिया। संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि बुधवार को कुछ पेट्रोल पंप संचालकों को जिला पूर्ति अधिकारी ने नोटिस जारी की। नोटिस में नो हेलमेट नो फ्यूल के अंतर्गत वाहनों चालकों को बिना हेलमेट के पेट्रोल देने के बारे में स्पष्टीकरण मांगा गया है।
पेट्रोल पंप संचालकों के मुताबिक, बैनर लगाकर लोगों को जागरूक कर सकते हैं। उनके पास कानून का पालन कराने के लिए कोई भी सख्ती बरतने का अधिकार नहीं है। बिना हेलमेट के पेट्रोल देने से मना करने पर बाइक सवार पंप कर्मियों से मारपीट करने लगते हैं। हर पेट्रोल पंप पर एक पुलिसकर्मी तैनात किया जाना चाहिए, जिससे कि किसी भी प्रकार का विवाद न होने पाए। ज्ञापन देने वालों में अमित प्रताप सिंह, राघवेंद्र कुमार सिंह, सरिता शुक्ला, निसार अहमद, कसीर खान व बड़ी संख्या में पेट्रोल पंप संचालक मौजूद रहे। (संवाद)