सुल्तानपुर। कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों की पासआउट छात्राओं के रहने-खाने की व्यवस्था देने के लिए जिले के छह विकासखंडों में बालिका छात्रावास बनाए जाएंगे। इन छह छात्रावासों के निर्माण में 10 करोड़ 62 लाख रुपये खर्च होंगे। बालिका छात्रावास जिले के कुड़वार, अखंडनगर, धनपतगंज, दोस्तपुर, कादीपुर व कूरेभार ब्लॉकों में बनेगा।
कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में अध्ययनरत छात्राओं की इंटरमीडिएट की शिक्षा में कोई बाधा उत्पन्न न हो, इसके लिए शासन ने जिले के छह विकास खंडों में गर्ल्स हॉस्टल बनाने का निर्णय लिया है। बालिका छात्रावास में कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों से कक्षा आठ उत्तीर्ण करने वाली छात्राओं को आवासीय सुविधा मिलेगी। ताकि उन्हें इंटरमीडिएट तक शिक्षा ग्रहण करने में किसी भी तरह की कठिनाई न हो।
प्रत्येक गर्ल्स हॉस्टल के निर्माण में एक करोड़ 77 लाख 15 हजार 594 रुपये व्यय होंगे। कुल छह बालिका छात्रावास के लिए 10 करोड़ 62 लाख 93 हजार 564 रुपये खर्च होंगे। गर्ल्स हॉस्टल निर्माण का जिम्मा उत्तर प्रदेश प्रोजेक्ट कॉर्पोरेशन लिमिटेड लखनऊ को दिया गया है।
छात्रावास के भवनों का निर्माण लोक निर्माण विभाग की ओर से अप्रूव्ड ड्राइंग डिजाइन व आगणन के अनुसार होगा। कार्यदायी संस्था को कुल लागत का 40 फीसदी धनराशि भेजी गई है। कुल चार करोड़ 25 लाख 18 हजार 286 रुपये कार्यदायी संस्था को प्रथम किस्त के रूप में दिए गए हैं।
दूबेपुर केजीबीवी को मिलेगा नया भवन
कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय दूबेपुर 50 बालिका क्षमता के साथ 2007 से डायट में संचालित है। नगर क्षेत्र में होने के कारण दूबेपुर विकास खंड क्षेत्र की बालिकाएं आवासीय विद्यालय के लाभ से वंचित हो जाती हैं।
इसके लिए धम्मौर उच्च प्राथमिक विद्यालय परिसर में प्रस्तावित 4.5 एकड़ भूमि पर नया केजीबीवी बनाने का प्रस्ताव बीएसए दीवान सिंह यादव की ओर से राज्य परियोजना निदेशक को भेजा गया है। इसके अतिरिक्त करौंदीकलां के उच्च प्राथमिक विद्यालय अमरेमऊ तथा मोतिगरपुर के ग्राम पंचायत हरसायन नागापुर के राजस्व ग्राम छेदुवारी में नवीन केजीबीवी बनाने का प्रस्ताव भेजा गया है।
जल्द शुरू होगा काम
कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों की छात्राओं की सुविधा के लिए बालिका छात्रावास का निर्माण छह विकास खंडों में कराए जाने का प्रस्ताव भेजा गया है। कार्यदायी संस्था को 40 फीसदी धनराशि अवमुक्त भी की जा चुकी है। जल्द ही कार्य शुरू होने की उम्मीद है।
- दीवान सिंह यादव, बीएसए