स्थानीय थाने के राघीपुर गांव निवासी एक किसान की चार दिन पूर्व उस समय मौत हो गई जब परिवारीजन उसे इलाज के लिए जिला अस्पताल रायबरेली ले जा रहे थे। गौरीगंज एसडीएम से की गई शिकायत में परिवारीजनों ने मौत की वजह फसल खराब होने से लगा सदमा बताया है।
राघीपुर गांव निवासी मनोकनिका सिंह (72) की तबीयत 28 अक्तूबर की सुबह अचानक खराब हो गई थी। परिवारीजन उन्हें इलाज के लिए जिला अस्पताल रायबरेली लेकर जा रहे थे। इसी बीच रास्ते में उनकी मौत हो गई। रविवार को एसडीएम से मिलने के लिए तहसील आईं मनोकनिका सिंह की पुत्री शशिबाला की मानें तो 28 अक्तूबर को उनके पिता धान के खेतों की ओर गए थे। फसल देखकर लौटने के बाद वे परिवार के साथ बैठकर फसल बर्बाद होने की चर्चा कर रहे थे। इसी बीच उन्हें अचानक सदमा लगा और वे बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़े।
आनन-फानन उन्हें इलाज के लिए जिला अस्पताल रायबरेली ले जाया जा रहा था कि रास्ते में उनकी मौत हो गई। शशिबाला की मानें तो उन्होंने इसकी सूचना एसडीएम वंदिता श्रीवास्तव को दी थी। हालांकि एसडीएम ने सूचना मिलने की बात से इंकार करते हुए कहा कि यदि किसान की सदमे से मौत हुई थी तो उसके परिवारीजनों को उसी दिन प्रशासन को सूचित करना था।