सुल्तानपुर। मौसम परिवर्तन के साथ ही मौसमी कीटों आंखों के लिए खतरा बन गए हैं। वाहन चलाते समय कीटों व धूल-मिट्टी आंख में जाने से लोग परेशान हैं। इसकी वजह से लालिमा, सूजन, जलन और चुभन के मामले बढ़े हैं। मेडिकल कॉलेज में रोजाना 250 से अधिक आंख के मरीज आ रहे हैं। चिकित्सक बाइक चलाते समय हेलमेट, चश्मा पहनने व सावधानी बरतने के टिप्स मरीजों को दे रहे हैं।
दोपहर बाद कीट पौधों को छोड़कर हवा में उड़ते हैं और शाम को रोशनी की ओर आकर्षित होकर हमला करते हैं। आंख में प्रवेश करने पर इनसे मिर्च जैसी जलन और दर्द होता है। कई मरीजों को देखने में भी परेशानी हो रही है। नेत्र रोग सर्जन डॉ. शिवप्रिया गुप्ता ने बताया कि बाइक चलाते समय हेलमेट या चश्मा जरूर पहनें। कीट आंख में चले जाने से हादसे की आशंका भी बनी रहती है। आंख में कीट पड़ने पर बिना डॉक्टर से परामर्श लिए कोई ड्रॉप न डालें, इससे संक्रमण बढ़ सकता है। उन्होंने बताया कि इस समय ओपीडी में 250 से अधिक मरीज आ रहे हैं। इनमें से 150 से 170 मरीज कीटों व धूल-मिट्टी के कण पड़ने से आंख लाल होने से परेशान होने वाले है।
रखें सावधानी
-आंख में कीट पड़ने पर आंख न मसलें
-आंख को ठंडे साफ पानी से धुलें
-चिकित्सक से सलाह लेकर ही आई ड्रॉप का इस्तेमाल करें
-बाहर निकलते समय चश्मा या हेलमेट पहनें