गौरीगंज। जगदीशपुर के इंडो-गल्फ हॉस्पिटल में इलाज के दौरान तीन मरीजों में डेंगू के लक्षण पाए गए हैं। तीनों मरीज अलग-अलग गांवों के हैं। एक साथ तीन मरीजों में डेंगू के लक्षण सामने आने के बाद स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मचा है।
सूचना पर सक्रिय सीएमओ ने जगदीशपुर सीएचसी अधीक्षक के नेतृत्व में रैपिड रिस्पांस टीम को संबंधित गांवों में भेजा है। टीम को पीड़ित मरीजों के गांव में लार्वानाशक दवाओं का छिड़काव कराते हुए उनके घरों के आसपास लार्वा ब्रीडिंग स्थलों की जांच कराकर दो दिन में रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है।
जगदीशपुर क्षेत्र के इंडस्ट्रियल एरिया निवासी इफ्तेखार अहमद (50), पूरे लाल कठौरा निवासी साजिया बानो (20) व निहालगढ़ निवासी तजसावी (15) बुधवार को इलाज कराने इंडो-गल्फ अस्पताल पहुंचे।
अस्पताल में तैनात चिकित्सकों ने इलाज शुरू करने से पहले तीनों मरीजों की पैथालॉजी जांच करवाई तो रिपोर्ट में प्रथम दृष्टया मलेरिया पीवी व डेंगू पॉजिटिव होने की बात सामने आई।
पैथोलॉजी की ब्लड रिपोर्ट मिलने के बाद अस्पताल प्रशासन ने तीनों मरीजों का इलाज शुरू करते हुए इसकी सूचना स्वास्थ्य महकमे के आला अधिकारियों को दी। एक साथ तीन मरीजों में डेंगू के लक्षण की बात पता चलते ही स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मच गया।
सीएमओ डॉ. आरएम श्रीवास्तव ने सीएचसी अधीक्षक जगदीशपुर को पत्र भेजकर तत्काल गांव में रैपिड रिस्पांस टीम भेजने को कहा। सीएमओ ने अधीक्षक से संबंधित गांवों में लार्वा नाशक दवाओं का छिड़काव कराने के साथ ही मरीज के घर के आसपास के घरों में लार्वा ब्रीडिंग स्थल की जांच कराते हुए दो दिन में रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है।
तीनों मरीजों का ब्लड सेंपल का सीरम बनाकर उसे जांच के लिए बाहर भेजा गया है। सीएमओ ने बताया कि सीरम की रिपोर्ट मिलने में करीब एक हफ्ते का समय लगता है। रिपोर्ट मिलने के बाद ही इस बारे में कुछ कहा जा सकता है।