सुल्तानपुर। लोकसभा चुनाव के नामांकन के पहले दिन ही शहर की रूट डायवर्जन की व्यवस्था ध्वस्त हो गई। तेज धूप में दोपहर बाद तक शहर जाम से जूझता रहा। मेडिकल कॉलेज के गेट पर एंबुलेंस व अन्य वाहनों के बार-बार फंसने से गंभीर मरीजों व उनके तीमारदारों की सांसें थमी रहीं।
जिले में छठे चरण में कराए जाने वाले लोकसभा चुनाव के नामांकन को प्रक्रिया के मद्देनजर सोमवार से चार रूटों का आवागमन परिवर्तित कर दिया गया। सुबह करीब 10 बजे से मार्ग परिवर्तन से शहर का व्यस्ततम हिस्सा जाम की चपेट में आ गया। बस स्टेशन से गभड़िया मार्ग, मेडिकल कॉलेज से कुड़वार मार्ग, चौक, गंदानाला, दीवानी न्यायालय तिराहा, मौनी मंदिर से लालडिग्गी मार्ग, राहुल चौराहा, शाहगंज चौराहा दोपहर बाद करीब तीन बजे तक जाम से जूझता रहा।
नगर कोतवाली से लेकर गभड़िया ओवरब्रिज तक सुबह से लेकर दोपहर बाद दो बजे तक लगातार जाम लगते रहने से मेडिकल कॉलेज के गेट पर जाम लग गया। मेडिकल कॉलेज में मरीजों को लेकर आने वाली एंबुलेंस व अन्य चार पहिया व बाइक आधे-आधे घंटे तक जाम में रेंगती रहीं। इसमें लाए जा रहे गंभीर किस्म के मरीजों व उनके तीमारदारों की सांसें अटकी रहीं। जाम में फंसे बाइक, साइकिल, ई-रिक्शा सवार व पैदल यात्री आग उगलती धूप में परेशान हो गए। रूट डायवर्जन को देखते हुए शहर को जाम से बचाने के लिए इन चौराहों व तिराहों पर लगाए गए पुलिस कर्मी व होमगार्ड के जवान हांफने लगे। राहगीरों को राहत दोपहर बाद करीब तीन बजे के बाद ही मिल सकी।