सुल्तानपुर। हजरत मोहम्मद साहब के जन्मदिन पर शुक्रवार को जिले में ईद-ए-मिलादुन्नबी (बारावफात) का त्योहार धूमधाम से मनाया गया। बारावफात पर शाम होते ही शहर रोशनी से नहा उठा। प्रमुख चौराहों से लेकर गलियों तक झिलमिल झालरों की चकाचौंध के बीच सजी मस्जिदों में लोगों ने इबादत की। शहर व ग्रामीण अंचलों में जुलूस निकाला गया।
डाकखाना चौराहा, जीएन रोड, बाधमंडी चौराहे से लेकर जमाल गेट और खैराबाद तक सजाई गई झालरों से शहर रोशनी से नहा उठा। चौक घंटा घर से लेकर सब्जी मंडी व शाहगंज चौराहे के बीच जगह-जगह सजावट की गई थी। शुक्रवार देर शाम से शुरू हुआ जश्न रातभर चला। जगह-जगह चौराहों पर डीजे की धुन पर लोग खुशियां मनाते रहे। इस मौके पर लोगों ने एक दूसरे को बधाइयां दीं।
ग्रामीण क्षेत्र के लंभुआ, चांदा, कादीपुर, जयसिंहपुर, बरौंसा, गोसाईगंज, कूरेभार, मोतिगरपुर, वलीपुर, भदैंया, हसनपुर, बंधुआकलां, सहाबागंज व अन्य जगहों पर बारावफात पर जुलूस निकाला गया।
जुलूस में मोहम्मद मुस्तफा के गूंजे नारे
ईद मिलादुन्नबी पर शहर में जुलूस निकाला गया। जुलूस की अगवानी चौक स्थित जामा मस्जिद के पेश इमाम मौलाना अब्दुल लतीफ और जामे अरबिया के प्रिंसिपल मौलाना मोहम्मद अहमद वारसी ने की। इस दौरान जुलूस में शामिल लोगों ने जश्ने आमदे रसूल और मोहम्मद मुस्तफा के नारे लगाए। इस मौके पर हाजी मो. इलियास खान, अफ्तार अहमद, जावेद अहमद, अहलेबैत इंतजामिया कमेटी के गुलाम मोइनुद्दीन, सिराज अहमद, जफर उल्ला, रियाज अहमद व अन्य लोग मौजूद रहे। संवाद