श्यामनगर मैदान में अभ्यास करते खिलाड़ी। स्रोत- खिलाड़ी
सुल्तानपुर। मिट्टी की सौंधी महक, सुबह की कड़ी मेहनत और कुछ कर गुजरने का जज्बा... जिले के युवा कबड्डी खिलाड़ी इन्हीं हथियारों के दम पर अपनी पहचान बना रहे हैं। संसाधनों की कमी और स्टेडियम में कोच न होने के बावजूद खिलाड़ी खुद को तराशते हुए मंडल, राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में जिले का परचम लहरा रहे हैं।
पंत स्पोर्ट्स स्टेडियम में कबड्डी प्रशिक्षक की तैनाती नहीं है, लेकिन खिलाड़ियों का हौसला कमजोर नहीं पड़ा। सीताकुंड घाट पर कोच अर्जुन यादव की देखरेख में 20 से अधिक बालक-बालिकाएं कबड्डी के दांवपेच सीख रहे हैं। करोमी गांव निवासी अनस आलम ऑल इंडिया इंटर यूनिवर्सिटी जोन, सीनियर स्टेट चैंपियनशिप और सीनियर नेशनल प्रतियोगिता तक पहुंच चुके हैं। आदर्श यादव ने सब जूनियर नेशनल में जगह बनाकर जिले का गौरव बढ़ाया। जिला क्रीड़ाधिकारी राजेश कुमार सोनकर ने बताया कि कबड्डी के कोच के लिए निदेशालय पत्र भेजा गया है, उम्मीद है कि जल्द कोच की तैनाती हो जाएगी।
गांव के मैदान से निकल रहे राष्ट्रीय खिलाड़ी
दूबेपुर ब्लॉक के श्यामनगर गांव में खिलाड़ियों ने खुद का मैदान तैयार किया है। यहां अवधेश मिश्रा और सत्यवीर यादव के मार्गदर्शन में युवा अभ्यास करते हैं। लाखीपुर गांव की सपना यादव ने राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया, जबकि प्रिया गुप्ता इंटर यूनिवर्सिटी तक पहुंचीं। अहिमाने गांव के शिवम वर्मा ने राज्य स्तरीय प्रतियोगिता और सीनियर ओपन कबड्डी प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया। मनोरथपुर गांव की आर्या श्रीवास्तव गांव में अभ्यास करते हुए राष्ट्रीय खिलाड़ी बन चुकी हैं।