सुल्तानपुर। सरकारी संपत्ति की चोरी व जनहित के अन्य मुद्दों पर प्रशासन का विरोध करने वाले चार लोगों को हिरासत में रखने व गलत तरीके से जेल भेजने के आरोप से जुड़े मामले में सीजेएम नवनीत सिंह की अदालत ने संज्ञान लिया है। कोर्ट ने मंगलवार को अमेठी जिले के डीएम और एसपी सहित अन्य अधिकारियों को 21 सितंबर की तिथि पर अपनी रिपोर्ट पेश करने का आदेश दिया है।
अमेठी कोतवाली क्षेत्र के लोहरता निवासी अभियोगी अजय मिश्र ने गंभीर आरोप लगाते हुए सीजेएम कोर्ट में अर्जी दी है। आरोप के मुताबिक भारतीय किसान यूनियन भानु गुट के साथ उन्होंने सरकारी संपत्ति की चोरी व जनहित की समस्याओं को लेकर 28 फरवरी व 17 अप्रैल को तहसील स्तर के अधिकारियों को ज्ञापन दिया था। दो मई को संपूर्ण समाधान दिवस पर कार्यकर्ताओं के साथ शांतिपूर्ण ढंग से पंचायत लगाई थी।
आरोप के मुताबिक तत्कालीन एसडीएम आशीष सिंह, सीओ मनोज कुमार मिश्र, तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक रवि सिंह, सिपाही संदीप मिश्र व जितेंद्र यादव एवं अन्य अज्ञात पुलिस कर्मियों ने मिलकर उन्हें अपमानित किया था। चार कार्यकर्ताओं को अवैध तरीके से हिरासत में रखकर उन्हें जेल भेजने की कार्रवाई की थी। अधिकारियों से शिकायत के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं होने पर अजय मिश्र ने कोर्ट की शरण ली। सीजेएम ने मामले में डीएम-एसपी अमेठी, सीओ व एसओ अमेठी से जवाब-तलब किया है।