सुल्तानपुर। प्रदेश के कई जिलों में संचालित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में अनामिका शुक्ला के चयन के खुलासे के बाद प्रकरण हाई प्रोफाइल हो गया है। सुल्तानपुर जिले में वर्ष 2017 में अनामिका शुक्ला ने आवेदन किया था। पूर्णकालिक विज्ञान शिक्षिका की चयन सूची में अनामिका का नाम प्रतीक्षा सूची में पहले नंबर पर था।
15 जुलाई 2017 को कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में चयन के लिए विज्ञप्ति प्रकाशित हुई थी। इसमें सात पदों के सापेक्ष 251 आवेदन आए थे। विज्ञान विषय में पूर्णकालिक शिक्षिका के एक पद के सापेक्ष 22 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। जांच के बाद एक आवेदन निरस्त हुआ था, जबकि 21 आवेदन सही पाए गए थे।
इसमें अनामिका शुक्ला पुत्री दुर्गेश कुमार शुक्ला ने भी विज्ञान की पूर्णकालिक शिक्षिका के लिए आवेदन किया था। मेरिट लिस्ट में पहले नंबर पर अभिलाषा यादव का नाम था। दूसरे नंबर पर अनामिका शुुक्ला और तीसरे नंबर पर सुप्रिया यादव का नाम था। तीन नवंबर 2017 को काउंसलिंग हुई थी। इसमें अभिलाषा यादव चयनित हुईं और अनामिका शुक्ला व सुप्रिया यादव प्रतीक्षा सूची में रखी गई थीं। हालांकि चयन के बाद भी अभिलाषा यादव ने जॉइन नहीं किया।
बुलावे के बाद भी काउंसलिंग कराने नहीं पहुंची अनामिका
चयनित अभिलाषा यादव के जॉइन नहीं करने पर प्रतीक्षा सूची में पहले नंबर पर रही अनामिका शुक्ला को रजिस्टर्ड डाक से बुलावा पत्र भेजा गया था। इसके बाद भी वह तय समय सीमा के अंदर काउंसलिंग कराने नहीं पहुंची।
इसके बाद तीसरे नंबर पर सुप्रिया यादव को कॉल लेटर भेजा गया, जिसने अप्रैल 2018 में दोस्तपुर कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में जॉइन किया। हालांकि कुछ दिन बाद सुप्रिया ने भी नौकरी छोड़ दी। अभी भी विज्ञान विषय की पूर्णकालिक शिक्षिका का पद रिक्त चल रहा है।