गौरीगंज। मनरेगा के कार्यों में रुचि न लेना जिले के 13 ब्लॉक के बीडीओ को भारी पड़ा। मनरेगा योजना की समीक्षा बैठक में जिले की प्रगति खराब देख कर डीएम ने सभी बीडीओ को नोटिस भेजी है।
नोटिस के जरिए सभी बीडीओ से लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये है। आदेश की अवहेलना की स्थिति में सभी को प्रतिकूल प्रविष्टि की चेतावनी भी दी गई है। डीएम की ओर से नोटिस जारी होने के बाद विकास महकमे में हड़कंप मच गया है।
महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना में लापरवाही बरतना जिले के सभी खंड विकास अधिकारियों को भारी पड़ा। आयुक्त ग्राम्य विकास ने मनरेगा योजना की समीक्षा की तो जिले की प्रगति संतोषजनक नहीं मिली।
प्रगति खराब होने के बाद आयुक्त ग्राम्य विकास ने जिला प्रशासन को प्रगति रिपोर्ट के साथ पत्र भेजकर योजना में अपेक्षित सुधार लाने व इसके लिये जिम्मेदारों पर कड़ी कार्रवाई का निर्देश दिया है।
आयुक्त का पत्र मिलने के बाद सीडीओ प्रभुनाथ ने पूरे मामले की रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेजी है। उन्होंने पत्र में बताया है कि सभी ब्लॉकों में लेबर बजट के सापेक्ष व्यय का प्रतिशत, रोजगार सृजन का प्रतिशत, योजना में महिलाओं की सहभागिता का प्रतिशत व पूर्ण कार्यों के सापेक्ष फोटो अपलोडिंग का प्रतिशत बेहद खराब है।
सीडीओ ने योजना में खराब प्रगति की जिम्मेदारी ब्लॉकों में तैनात बीडीओ की ओर से योजना में रुचि न लेना बताया है। सीडीओ की रिपोर्ट मिलने के बाद डीएम ने जिले के समस्त ब्लॉकों के खंड विकास अधिकारी को नोटिस भेज कर लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति सुनिश्चित कराने का आदेश दिया है।
डीएम ने आदेश का पालन न करने पर सभी खंड विकास अधिकारियों को प्रतिकूल प्रविष्टि देने की चेतावनी दी है। डीएम का पत्र व चेतावनी मिलने के बाद खंड विकास अधिकारियों के साथ ही मनरेगा से जुड़े अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों में हड़कंप मचा है।