सुल्तानपुर। फर्जीवाड़ा करके जमीन का बैनामा कराने के आरोप से जुड़े मामले में आरोपी बुजुर्ग हंस बहादुर सिंह की अग्रिम जमानत अर्जी का शुक्रवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम संध्या चौधरी की अदालत में आदेश सामने आया। अदालत ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए आरोपी की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज कर दी है।
अमेठी जिले के मुंशीगंज थाने के मनीराम पांडेय का पुरवा मजरे जलामा निवासी वादी समर बहादुर पांडेय ने चार दिसंबर 2024 को स्थानीय थाने में आरोपियों को नामजद करते हुए कोर्ट के माध्यम से प्राथमिकी दर्ज कराया था। आरोप के मुताबिक साल 1986 में उनकी दादी जगदेई की मृत्यु हो गई। उनके नाम पर संपत्ति दर्ज रही।
आरोप के मुताबिक वादी की भाभी सुनीता ने जगदेई बनकर मुसाफिरखाना कोतवाली क्षेत्र के दादरा गांव के रहने वाले आरोपी हंस बहादुर सिंह के पक्ष में जमीन का बैनामा कर दिया, और उनसे पैसे भी ले लिए। आरोपी दिनेश कुमार मिश्र और सुशील कुमार मिश्र को भी बैनामे के गवाह के रूप में आरोपी बनाया गया है। इस मामले के आरोपी हंस बहादुर सिंह ने स्वयं को 82 साल का बुजुर्ग व बीमार व्यक्ति बताते हुए कोर्ट से अग्रिम जमानत अर्जी स्वीकार करने के लिए मांग की थी।