एमएलसी व शांतनु महाराज को त्रिशूल देकर सम्मानित करते कार्यक्रम संयोजक।
सुल्तानपुर। शहर के चौक क्षेत्र में आयोजित कवि सम्मेलन में हिस्सा लेने शनिवार को पहुंचे कथाप्रवाचक शांतनु महाराज ने सपा के राज्यसभा सदस्य रामजी लाल सुमन के विवादित बयान पर करारा प्रहार किया है। राणा सांगा पर की गई कथित टिप्पणी को देश की अस्मिता से जोड़ा।
मीडिया से बात करते हुए कथा प्रवाचक शांतनु महाराज ने सपा पर निशाना साधते हुए कहा कि जिस दल से वे राज्यसभा पहुंचे हैं, उनकी मंशा स्पष्ट है। ये बाबर और औरंगजेब को ही मानने वाले लोग हैं। महापुरुषों की परंपरा को खत्म करने का षड्यंत्र रचा जा रहा है। बिना नाम लिए करणी सेना का समर्थन करते हुए कहा, कि सपा सांसद की टिप्पणी का करारा जवाब देने वालों का उन्होंने समर्थन किया। उन्होंने औरंगजेब को सबसे ज्यादा मंदिरों को तोड़ने वाला और परंपराओं को नष्ट करने वाला व्यक्ति बताया।
कहा कि उसे दुरुस्त करने का काम छत्रपति शिवाजी महाराज ने किया था। इसके पहले मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री व एमएलसी डॉ. महेंद्र सिंह के साथ शांतनु महाराज ने कवि सम्मेलन का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में एमएलसी ने भारतीय काल गणना, भारतीय नववर्ष कि महत्ता और प्रकृति में होने वाले परिवर्तन पर प्रकाश डाला।
कहा कि हिंदू नववर्ष केवल एक तिथि परिवर्तन नहीं, बल्कि प्राकृतिक और सांस्कृतिक नवचेतना का प्रतीक है। कार्यक्रम संयोजक ने एमएलसी व कथावाचक को त्रिशुल भेंट किया। इसके पहले दोनों अतिथियों के पहुंचने पर भाजपाइयों ने अन्य ने उनका स्वागत किया।