सुल्तानपुर। दोस्तपुर विकास खंड क्षेत्र के भरथुआ ग्राम पंचायत में मनरेगा की धांधली का नया मामला प्रकाश में आया है। मनरेगा का पैसा हड़पने के लिए ग्राम प्रधान ने सेक्रेटरी की मिलीभगत से अपने सरकारी कर्मचारी पुत्र को मजदूर दिखा दिया। यही नहीं ग्राम प्रधान ने बिना अनुमति के न सिर्फ स्वयं कार्य करना दर्शाकर पैसा हड़प लिया बल्कि अपने परिवार के अन्य सदस्यों के नाम भी पैसा निकाला। शिकायत पर डीएम ने जांच के निर्देश दिए हैं।
दोस्तपुर विकास खंड में मनरेगा की धांधली का अनोखा मामला प्रकाश में आया है। ब्लॉक के भरथुआ ग्राम पंचायत कीग्राम प्रधान इंद्रावती सिंह ने पंचायतराज विभाग में सफाई कर्मचारी के रूप में कार्यरत अपने पुत्र राम प्रकाश को भी मनरेगा में कार्य करना दिखा दिया। उसके नाम पर बने जॉब कॉर्ड पर कार्य दर्शाकर ग्राम प्रधान ने हजारों रुपये निकाल लिए।
मनरेगा का पैसा हड़पने के लिए महिला ग्राम प्रधान इंद्रावती ने बिना अनुमति के न सिर्फ स्वयं कार्य करने के लिए नाले व संपर्क मार्ग पर कार्य दर्शाने के लिए फावड़ा उठाना दर्शाया बल्कि कई दिन का भुगतान भी मनरेगा से लिया।
मनरेगा में धांधली करने के लिए ग्राम प्रधान यहीं पर नहीं रुकीं। उन्होंने स्वयं कार्य के साथ ही अपने पति इंद्रजीत सिंह एवं अन्य सदस्यों के नाम भी कार्य दर्शाकर पैसा निकाल लिया। मनरेगा के रिकॉर्ड ग्राम प्रधान के घोटाले की पुष्टि कर रहे हैं। ग्रामीणों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए डीएम ने जांच के निर्देश दिए हैं।