सीओ के बजाए पीड़िता पर दबाव बना रही पुलिस
d अमर उजाला ब्यूरो
अमेठी। केस दर्ज होने के चार दिन बाद भी सीओ को गिरफ्तार न करने वाली पुलिस अब पीड़िता पर ही दबाव बना रही है। हालत ये है कि अब तक पुलिस ने कोर्ट में पीड़िता का 164 का बयान तक नहीं दर्ज कराया है। उल्टे पूछताछ का सारा दबाव पीड़िता और उसके पिता पर है। पीड़ित परिवार को बार-बार जिला मुख्यालय बुलाकर परेशान किया जा रहा है। जांच के नाम पर पुलिस गुरुवार को किशोरी को लेकर लखनऊ चली गई।
शादी व नौकरी का झांसा देकर किशोरी से दुष्कर्म करने के मामले में सीओ को गिरफ्तार करने के बजाए पुलिस पीड़िता व उसके परिवार को हतोत्साहित करने में जुटी है। आमतौर पर दुष्कर्म जैसे गंभीर मामले में केस दर्ज होते ही आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए निकल पड़ने वाली पुलिस जांच पड़ताल के बहाने मामले को लटकाने में लगी है। हालत यह है कि केस दर्ज होने के चार दिन बाद भी पुलिस ने पीड़िता का कोर्ट में 164 के तहत बयान नहीं कराया। बुधवार को कहा गया था कि गुरुवार को पीड़िता का 164 के तहत बयान दर्ज करवाया जाएगा। इसके लिए पीड़िता व उसके परिवार को घर से जिला मुख्यालय बुलवाया भी गया। पीड़िता व उसका परिवार दोपहर 11 बजे जिला मुख्यालय पहुंचा तो उन्हें मजिस्ट्रेट के पास ले जाने के बजाए जांच पड़ताल आगे बढ़ाने के नाम पर अचानक महिला पुलिस के साथ लखनऊ भेज दिया गया।