चालू शैक्षिक सत्र में संदिग्ध माने गए पिछड़े वर्ग के 23074 दशमोत्तर के छात्रों में वजीफे की उम्मीद बढ़ी है। पहने ऑनलाइन स्क्रूटनी में इन आवेदनों को संदिग्ध मानते हुए दोबारा जांच का निर्देश दिया गया था। पीएफएमएस में छात्रों के रिकॉर्ड सही मिलने से अब पिछड़ा वर्ग विभाग की संस्तुति पर उन्हें छात्रवृत्ति व प्रतिपूर्ति की रकम मिल सकेगी। संदिग्ध श्रेणी में रखे गए आवेदनों की अभी जांच जारी है।
चालू शैक्षिक सत्र में दशमोत्तर कक्षाओं के संदिग्ध माने गए आवेदनों की पीएफएमएस (पब्लिक फाइनेंस मैनेजमेंट सिस्टम) के तहत शासन में हो रही स्क्रूटनी ने छात्रों को राहत पहुंचाई है। पीएफएमएस की जांच में संदिग्ध माने गए छात्रों के आवेदन वैध मिलने शुरू हो गए हैं।
आवेदन सही मिलने पर शासन ने ऑनलाइन सूचना पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग को भेजना शुरू कर दिया है। अभी तक पिछड़े वर्ग के 23,074 छात्रों के आवेदन सही पाए गए हैं। पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग की मानें तो अभी पीएफएमएस से जांच जारी है। इसकी संख्या और बढ़ने के आसार हैं। आवेदन सही मिलने पर पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग की संस्तुति पर शासन से छात्रों के खाते में सीधे वजीफे व प्रतिपूर्ति की रकम भेजी जाएगी।
इंटर के भी सही मिले 709 आवेदन
इंटर कक्षाओं के छात्रों के संदिग्ध माने गए पिछड़े वर्ग के करीब 709 आवेदन दुरुस्त पाए गए हैं। विभाग में इनकी संस्तुति करने की तैयारी चल रही है। इन छात्रों के आवेदनों की संस्तुति मिलने के बाद उनके खातों में धनराशि भेजी जाएगी।