डीडीसी मतदान के दिन हुए बवाल के बाद चर्चा में आए स्थानीय थाने के पठानपुर गांव में वारंटी को गिरफ्तार करने की कोशिश पुलिस टीम पर भारी पड़ी। ग्रामीणों ने टीम में शामिल पुलिस कर्मियों पर न सिर्फ पथराव किया बल्कि हत्थे चढ़े पुलिस वालों की पिटाई भी की। दोनों पक्षों में हुई भिड़ंत के दौरान बीच-बचाव में एक महिला समेत दो पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। हालांकि दोनों पक्षों ने किसी के खिलाफ थाने में कोई तहरीर नहीं दी है।
स्थानीय थाने के पठानपुर गांव में जिला पंचायत सदस्य पद के लिए हुए मतदान के दौरान 17 अक्तूबर को दो पक्ष आपस में भिड़ गए थे। भिड़ंत में दोनों तरफ से जमकर बवाल व आगजनी हुई थी। रविवार को एक बार यह गांव फिर तब चर्चा में आ गया जब बवाल के एक आरोपी को कोर्ट के आदेश पर गिरफ्तार करने पुलिस टीम गांव पहुंची। पुलिस टीम बवाल के आरोपी सुजीत सिंह को उसके घर से गिरफ्तार करके गौरीगंज-अठेहा मार्ग स्थित ऐंठा बाजार के पास पहुंची ही थी कि ग्रामीणों ने टीम में शामिल उपनिरीक्षक एसबी सिंह के साथ कांस्टेबल ज्ञानेंद्र तथा राजबहादुर साहनी पर हमला बोल दिया।
वारंटी को छुड़ाने के लिए ग्रामीणों ने टीम की दोनों बाइकों को घेर कर सिपाहियों की लाठी-डंडों से पिटाई शुरू कर दी। पुलिस टीम पर हुए हमले की गंभीरता का अंदाजा इस बात से भी लगाया जा सकता है कि दोनों सिपाहियों के सिर पर लगे हेलमेट तक फट गए। ग्रामीणों व पुलिस टीम में हुई इस भिड़ंत में ऐंठा गांव की मजीदा भी घायल हो गई। हालांकि इस बीच पुलिस टीम किसी तरह गिरफ्तार आरोपी को लेकर मौके से निकल भागने में सफल रही। टीम के निकल जाने के बाद ग्रामीण बीच-बचाव में घायल मजीदा को लेकर संयुक्त जिला चिकित्सालय पहुंचे जहां उसका इलाज चल रहा है। हालांकि किसी भी पक्ष ने एक दूसरे के खिलाफ थाने में कोई तहरीर नहीं दी है।