15 अगस्त से शुरू हुई बारिश और मालती नदी के उफान के चलते गोसाईगंज-पूरबगांव संपर्क मार्ग तेज बहाव के चलते पूरी तरह कट कर बह गया। मार्ग के कटने से बीते पांच दिन से 17 गांवों का आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया है। कटान के बाद पानी का बहाव तेज होने से बड़े पैदल सड़क पार कर ले रहे हैं लेकिन स्कूली बच्चे व चार पहिया वाहन नहीं निकल पा रहे हैं। ग्रामीणों की सूचना के बावजूद प्रशासन मामले को लेकर उदासीन बना है।
क्षेत्र में 15 अगस्त से शुरू हुई बारिश के बाद उफान पर आए नदी नालों के चलते क्षेत्र के कई गांवों में बाढ़ की स्थिति बन गई है। बीते पांच दिनों से गोसाईंगंज-पूरबगांव संपर्क मार्ग पानी के तेज बहाव के चलते कट कर बह गया। मार्ग कटने से करीब 17 गांवों के लोगों का आवागमन बाधित हो गया है। पूरबगांव, पूरबगांव डीह, पूरे मेड़ई, पूरे बैसन, पूरे माधव, नरैनीडीह, पूरे बल्दू मिश्र, शेवाला, कलवारन का पुरवा, पूरे बलदानी, अकेला, सिलोखर, पूरे राजू, नैनहा, पांडेय का पुरवा, कटेहटी, सुलतानपुर गांवों के लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
गांव के लोगों को मुख्य मार्ग तक जाने के लिए करीब सात किलोमीटर लंबा रास्ता तय करना पड़ता है। वहीं विद्यालय आने-जाने के लिए बच्चों को कठिनाई उठानी पड़ रही है। ग्रामीण डॉ. चंद्रिका प्रसाद तिवारी, नर्मदा प्रसाद तिवारी, भूपेंद्र मिश्र, मनोज तिवारी, हरिलाल वर्मा, अशोक दूबे, शिव बहादुर, राजेंद्र कुमार, लवकुश दूबे, साधू, उमा गुप्ता, करम चंद्र, रामचंद्र का कहना है कि गांव के बड़े लोग किसी तरह साइकिल पार कर ले रहे हैं लेकिन बच्चे, महिलाएं और चार पहिया वाहनों का आवागमन पूरी तरह से बाधित है।
जल्द बनाई जाएगी टूटी सड़क : एसडीएम
इस संबंध में एसडीएम अशोक कुमार कनौजिया से सड़क कटने से अनभिज्ञता जताते हुए कहा यदि ऐसा है तो टूटी सड़क बनवाई जाएगी। संबंधित विभाग को आज ही सूचना देने के साथ ही जिलाधिकारी को अवगत करा दिया जाएगा।