अपने पदों से हटाए जाएंगे 68 एबीआरसी
सुल्तानपुर। जिले के 14 ब्लॉक एवं नगर क्षेत्र में कार्यरत 68 एबीआरसी अपने पदों से हटाए जाएंगे। इन सभी को शासन से दिए गए ‘इच्छा’ मोबाइल एप पर ऑनलाइन अनुश्रवण एवं कक्षावलोकन की रिपोर्ट देने को कहा गया था लेकिन निर्देशों के अनुरूप सह समन्वयकों ने कार्य नहीं किया।
जिले के 14 ब्लॉकों एवं नगर क्षेत्र में वर्तमान में कुल 73 एबीआरसी कार्यरत हैं। इसमें अखंडनगर में छह, बल्दीराय में चार, भदैंया में छह, धनपतगंज में पांच, दोस्तपुर में तीन, दूबेपुर में छह, जयसिंहपुर में पांच, कादीपुर में छह, करौंदीकलां में चार, कूरेभार में पांच, कुड़वार में चार, लंभुआ में पांच, मोतिगरपुर में चार, प्रतापपुर कमैचा में छह व नगर क्षेत्र में चार ब्लॉक सह समन्वयक तैनात हैं।
शासन ने ब्लॉक स्तर पर कार्यरत सह समन्वयकों को ‘इच्छा’ मोबाइल एप के माध्यम से ऑनलाइन अनुश्रवण एवं कक्षावलोकन किए जाने का निर्देश दिया था। इसमें कक्षावलोकन की न्यूनतम 30 मिनट अवधि दी गई थी।
जिसे अधिकतर ब्लॉक सह समन्वयकों ने मात्र दो से नौ मिनट में संपन्न कर दिया था। पिछले दिनों शासन स्तर पर माह अक्तूबर 2018 से मार्च 2019 तक कक्षावलोकन एवं अनुश्रवण की समीक्षा की गई तो जिले के 73 में 68 एबीआरसी मानक के अनुरूप खरे नहीं उतरे।
बेसिक शिक्षा निदेशक डॉ. सर्वेंद्र विक्रम बहादुर सिंह ने 60 प्रतिशत से कम कार्य निष्पादन करने वाले ब्लॉक सह समन्वयकों को बदलने का निर्देश बीएसए को दिया है। इसके लिए बेसिक शिक्षा निदेशक ने 10 जून तक ब्लॉक सह समन्वयकों को प्रत्यावर्तित कर रिपोर्ट तलब की है।
जिले के दूबेपुर विकासखंड क्षेत्र की एबीआरसी महिमा सिंह, कादीपुर के प्यारेलाल गुप्ता, कुड़वार के सचिन सिंह, अखंडनगर के मूलचंद त्रिपाठी व अंबरीश कुमार पांडेय ने 60 प्रतिशत से अधिक कार्य संपन्न किया है। इन पांचों को छोड़कर सभी 68 एबीआरसी पर कार्रवाई की तलवार लटकी है।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कौस्तुभ कुमार सिंह ने कहा कि मानक के अनुरूप ऑनलाइन अनुश्रवण व कक्षावलोकन न करने वाले सह समन्वयकों से तीन जून तक स्पष्टीकरण मांगा है।
स्पष्टीकरण न देने वाले सह समन्वयकों को यह मान लिया जाएगा कि उन्हें इस विषय में कुछ नहीं कहना है। 10 जून तक रिपोर्ट शिक्षा निदेशक को उपलब्ध करा दी जाएगी।