बाधित हो सकती है 14 कॉलेज की छात्रवृत्ति
क्रासर
ब्यौरा ऑनलाइन नहीं करने से उपजे हालात
पत्राचार के बावजूद नहीं चेता कॉलेज प्रशासन
अमर उजाला ब्यूरो
गौरीगंज। जिले के 14 कॉलेज प्रशासन की लापरवाही उनके यहां अध्ययनरत छात्र/छात्राओं को भारी पड़ सकती है। डेडलाइन के भीतर योजना से जुड़े संपूर्ण ब्यौरे को ऑनलाइन नहीं होने पर शासन ने कॉलेजों को छात्रवृत्ति प्रतिपूर्ति का लाभ नहीं देने का अल्टीमेटम देते हुए 15 अगस्त तक का अंतिम मौका दिया है।
शासन ने बीते दिनों प्रदेश के सभी कॉलेजों को अपने विद्यालय का कोर्स तथा फीस छात्रवृत्ति से जुड़ी तमाम जानकारी वेबसाइट पर ऑनलाइन करने का निर्देश दिया था। इसके लिए शासन ने 30 जुलाई की डेडलाइन तय की थी। शासन व प्रशासन की सख्ती के बावजूद जिले के 58 कॉलेजों ने मांगी गई सूचना को ऑनलाइन नहीं किया। इस बीच शासन ने कॉलेजों को 10 अगस्त तक सूचना ऑनलाइन करने का मौका दिया था। शासन के निर्देश पर 44 और कॉलेजों ने सूचना ऑनलाइन कर दी। इतनी सख्ती के बाद भी जिले के 14 कॉलेज ऐसे रहे जिन्होंने अब तक सूचना ऑनलाइन नहीं की। लगातार अल्टीमेटम के बावजूद बरती जा रही इस उदासीनता से नाराज शासन ने 14 कॉलेजों को 15 अगस्त तक का अंतिम मौका दिया है। जिला समाज कल्याण अधिकारी आरके चौरसिया ने बताया कि डीआईओएस के माध्यम से संबंधित कॉलेजों के प्रबंधकों व प्रधानाचार्यों को पत्र भेजकर सूचना ऑनलाइन करने को कहा गया है। कॉलेजों की ओर से सूचना ऑनलाइन नहीं करने पर यहां अध्ययनरत छात्र/छात्राएं छात्रवृत्ति व शुल्क प्रतिपूर्ति योजना से वंचित रह जाएंगे। इसकी जिम्मेदारी संबंधित कॉलेज प्रशासन की होगी।