करीब साढ़े छह माह बाद अपने संसदीय क्षेत्र पहुंचीं यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी ने मंगलवार को रेल पहिया कारखाना और एम्स समेत अरबों रुपये की परियोजनाओं का शिलान्यास एवं भूमि पूजन कर जनता को एक साथ कई तोहफे दिए।
लालगंज की जनसभा में सोनिया ने केंद्र सरकार के खाद्य सुरक्षा और जमीन अधिग्रहण बिल को देशहित में बताया तो बिजली समस्या के लिए प्रदेश सरकार को जिम्मेदार ठहराया।
उन्होंने कहा कि देश में यूपी को खाद्य सुरक्षा बिल का सबसे अधिक लाभ मिलेगा। भूमि अधिग्रहण बिल पास होने से किसानों की जमीन को अब कोई जबरदस्ती नहीं ले सकेगा।
उन्होंने कहा कि अभी तक यूपी को 66 लाख टन अनाज मिलता था, अब 96 लाख टन मिलेगा। इससे 80 फीसदी ग्रामीण क्षेत्र और 65 फीसदी शहरी क्षेत्र की जनता को लाभ मिलेगा।
इससे पहले सुबह नौ बजे फुरसतगंज एयरपोर्ट पर विशेष विमान से उतरने के बाद सोनिया गांधी अपनी बेटी प्रियंका वाड्रा के साथ जिला मुख्यालय पहुंचीं तो जनता ने गर्मजोशी से उनका स्वागत किया।
शहर के गोरा बाजार में दोनों स्माइल ट्रेन के लाभार्थी बच्चों और कृषि विज्ञान केंद्र दरियापुर में अनुसूचित जाति के प्रशिक्षुओं से मिलीं। उनसे पढ़ाई समेत अन्य विषयों पर जानकारी की। यहीं कृषि विज्ञान केंद्र में प्रगतिशील किसानों से रूबरू हुईं और उन्हें कृषि बीज वितरित किए।
उन्होंने इसी दौरे में 860 करोड़ रुपये की लागत से रायबरेली-डलमऊ मार्ग पर मुंशीगंज के पास बनने वाले एम्स का भूमि पूजन किया। यहां के बाद उनका काफिला शहर के कैनाल रोड पहुंचा, जहां उन्होंने जलकल परिसर में 12.14 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले सिटी रिसोर्स सेंटर की आधारशिला रखी।