कोतवाली क्षेत्र के मूर्तियां ग्राम पंचायत के मरनी टोला में मगरमच्छ के हमले से घायल वृद्धा की शनिवार को उपचार के दौरान मौत हो गई। जिला अस्पताल में उनका उपचार चल रहा था। उधर बंधी में मगरमच्छ की पुष्टि के बाद लोगों में भय बना हुआ है।
मूर्तियां ग्राम पंचायत के मरनी टोला निवासी चमेलिया देवी (65) शुक्रवार की देर शाम शौच के लिए गांव में ही बंधी के किनारे गई थी। वहां अचानक बंधी से निकले मगरमच्छ ने वृद्धा पर हमला बोल दिया। चीख पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। वृद्धा के पुत्र कमलेश ने पानी में उतरकर महिला को किसी तरह मगरमच्छ के चंगुल से बाहर निकाला। वृद्धा को घोराचल सीएचसी ले जाया गया, जहां से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। महिला के शव को पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया।
मगरमच्छ पहले भी ले चुका है कई जानें
तहसील क्षेत्र के कई गांवों के तालाबों में मगरमच्छों ने डेरा जमा रखा है। परसौना, तेंदुहार, तेंदुआ, पड़वनिया, भरौली, ढेढ़ी आदि गांवों में तालाबों में रहने वाले मगरमच्छों के हमले में एक युवती की मौत और कई लोग जख्मी हो चुके हैं। आए दिन तालाब किनारे पानी पीने के लिए जाने वाले पशुओं को मगरमच्छ अपना निवाला बना चुके हैं। नौ अप्रैल 2021 को बैजनाथ गांव निवासी सन्नू पाल उम्र (60) पुत्र गब्बू भेड़ चराने जंगल की तरफ गया था। बेलन नदी पर स्थित रिट्ठी बांध के जलाशय में भेड़ों को पानी पिलाने के दौरान अचानक पानी से निकले मगरमच्छ ने उस पर हमला बोल दिया। बीते वर्ष 29 सितंबर 2020 को पड़वनिया गांव में संजू (20) पुत्री रामविलास कोल सुबह करीब शौच करने के लिए घर से करीब 200 मीटर दूर गांव में ही एक तालाब के किनारे गई थी। तालाब किनारे नित्यक्रिया के दौरान तालाब में मौजूद एक मगरमच्छ अचानक पानी के बाहर निकला और झपट्टा मारकर संजू को तालाब में खींच लिया, जिससे उसकी मौत हो गई। दो वर्ष पूर्व तेंदुहार निवासी अमृतलाल यादव (45) पर गांव के ही तालाब किनारे शौच करते समय मगरमच्छ ने हमला कर दिया और पानी में खींचकर ले जाने लगा। ग्रामीणों ने बड़ी मुश्किल से उसे मगरमच्छ के चंगुल से छुड़ाया। गंभीर रूप से जख्मी हो गया था। अमृतलाल का लंबे समय तक इलाज चला था।