गयारतवल किसान सेवा साधन सहकारी समिति पर शुक्रवार को भीगी डीएपी मिलने से नाराज किसानों ने वाराणसी-शक्तिनगर मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। इस दौरान किसानों ने समिति के सचिव के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। जाम की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची शहर कोतवाली पुलिस किसानों की समस्याओं को सुनने के बाद उन्हें समझाकर शांत कराई। इसके बाद आवागमन बहाल हुआ।
सुबह करीब आठ बजे ममुआ, बिच्छी, बुड़हर, कुसी, अमोखर, कम्हारडीह, सागो समेत अन्य गांवों के दर्जनों किसान डीएपी खाद लेने के लिए गयारतवल किसान सेवा साधन सहकारी समिति पर पहुंचे। यहां समिति के कर्मचारियों ने पानी से भीगी खाद की बोरी किसानों को देना शुरू किया तो वे लेने से इंकार कर दिया और हंगामा करने लगे। पूर्वाह्न करीब 11 बजे नाराज किसानों ने राजमार्ग पर चक्काजाम कर रफ्तानी रोक दी है। इस दौरान आयोजित सभा को संबोधित करते हुए किसानों ने कहा कि शासन के निर्देशानुसार किसानों को उर्वरक मुहैया नहीं कराया जा रहा है। उन्होंने समिति के कर्मचारियों पर डीएपी की कालाबाजारी करने का आरोप मढ़ते हुए इसकी जांच किए जोने की मांग की। कहा कि समिति के कर्मचारियों के लापरवाही से खाद भीग गई है, इसलिए उनके खिलाफ कार्रवाई करते हुए नियमानुसार किसानों को खाद मुहैया कराई जाए। कहा कि सचिव की मनमानी से किसानों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। जाम लगने के करीब आधे घंटे बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने किसानों को उनकी समस्याएं दूर कराने का आश्वासन देकर उन्हें शांत किया। घंटे भर जाम लगने से सड़क के दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई थी। विरोध करने में पवन तिवारी, गिरीश तिवारी, उदय कुमार, प्रमोद, राजकुमार, भाईलाल पटेल, मंगल मौर्या, प्रेम बहादूर, प्रेमचंद्र मौजूद रहे।