सोनभद्र। साढ़े तीन वर्ष पहले विवाहिता की मौत के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश प्रथम खलीकुज्जमा की अदालत ने दोषी पति को 10 वर्ष कैद की सजा सुनाई है। मंगलवार को मामले की सुनवाई करते हुए उस पर 11 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक म्योरपुर थाना क्षेत्र के बलियारी गांव निवासी किशुन देव ने 30 जून 2020 को म्योरपुर थाने में तहरीर देकर बहन के मौत की सूचना दी। बताया कि उसकी बहन शांति देवी की शादी म्योरपुर थाना क्षेत्र के बभनडीहा गांव निवासी मुन्नालाल गोंड से हुई थी। 30 जून को उसे खेत में बहन का शव होने की सूचना पर जब परिवार के लोगों के पहुंचकर भांजे से पूछा तो पता चला कि रात में जीजा मुन्नालाल गोंड ने शराब पीकर बहन से झगड़ा करके मारपीट किया था। इससे दुखी होकर बहन ने कीटनाशक खाकर आत्महत्या कर ली।
तहरीर पर मुन्नालाल गोंड केविरुद्ध एफआईआर दर्ज किया गया। पुलिस ने विवेचना के बाद कोर्ट में चार्जशीट दाखिल किया था। अदालत ने दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं के तर्कों को सुनने, गवाहों के बयान व पत्रावली का अवलोकन करने पर दोषी मुन्नालाल गोंड को 10 वर्ष कैद और 11 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड न देने पर छह माह की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। जेल में बिताई अवधि सजा में समाहित की जाएगी। अभियोजन पक्ष की ओर से अपर जिला शासकीय अधिवक्ता विनोद कुमार पाठक ने बहस की।