सोनभद्र। बेटे की चाहत में तीन माह की बेटी की गला दबाकर हत्या करने के दोषी पिता रजवंत को अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। बुधवार को विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट गोविंद मोहन की अदालत ने दोषी पर 20 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया।
फैसला सुनाते हुए अदालत ने कहा कि गंभीर मामलों में पर्याप्त दंड न दिए जाने से सामान्य जन का न्याय व्यवस्था पर विश्वास प्रभावित होता है। अनपरा थानाक्षेत्र के खजुरा निवासी कविता ने पति रजवंत के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। तहरीर के अनुसार 26 जुलाई 2022 को पति उसे मायके से घर लाए थे। रात में कविता तीन माह की बेटी सौम्या को लेकर सोई थी, जबकि रजवंत बरामदे में सो रहा था। रात करीब नौ बजे वह नशे की हालत में आया और पत्नी से मारपीट के बाद बच्ची को जबरन उठाकर अपने पास सुला लिया। भोर करीब तीन बजे कविता ने बच्ची को बिस्तर पर गुमसुम पड़ा देखा। जेठानी को बुलाने पर पता चला कि उसकी मौत हो चुकी थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बच्ची के शरीर पर पांच चोटें मिलीं। साथ ही गला दबाने से मौत होने की पुष्टि हुई। सुनवाई के दौरान पोस्टमार्टम करने वाले चिकित्सक ने भी बच्ची के गले के निशान को दबाने से उत्पन्न होना बताया। नथुने से खून निकलने की बात भी सामने आई। बचाव पक्ष बच्ची की मौत के बाद आरोपी के वहां से चले जाने और पंचनामा कार्रवाई में शामिल नहीं होने का संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं दे सका। अभियोजन ने तर्क दिया कि आरोपी ने अपनी तीन माह की अबोध बेटी की हत्या की है। अदालत ने साक्ष्यों के आधार पर माना कि पुत्र की चाहत में रजवंत ने बेटी की हत्या की।