इसके बाद सुभाष ने लाठी-डंडे से पीटकर पिता की हत्या कर दी और शव को मौके पर छोड़कर फरार हो गया। छानबीन के दौरान पुलिस को मोबाइल सर्विलांस व घटनास्थल से मिले अन्य साक्ष्यों के विश्लेषण से महत्वपूर्ण सुराग पाए गए।
इसी आधार पर जांच आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने रेलवे स्टेशन के पास से बड़े पुत्र सुभाष को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उसने घटना को अंजाम देने की बात स्वीकार की। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। टीम में पिपरी एसओ नागेश प्रताप सिंह सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे।