सोनभद्र। श्रावण मास की शुरुआत रविवार से हो रही है। संक्रमण क मद्देनजर शिवालयों में इस बार मेला व अन्य कार्यक्रम नहीं होंगे लेकिन दर्शन-पूजन जारी रहेगा। सुरक्षित तरीके से दर्शन-पूजन कराने के लिए शिवालयों में तैयारियां कराई जा रही हैं। शनिवार की शाम तक शिवालय को सजाने संवारने का काम चलता रहा।
गुप्त काशी के नाम से प्रसिद्ध शिवद्वार घोरावल में उमामाहेश्वर का जलाभिषेक करने के लिए हर साल कांवरियां आते थे। लेकिन इस बार संक्रमण के मद्देनजर कांवड़ यात्रा पर लगी रोक के चलते कांवरियां नहीं आएंगे। हालांकि भक्तगण मंदिर में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए दर्शन पूजन कर सकेंगे। मंदिर पर सुरक्षा व्यवस्था के इंतजाम रहेंगेे। सावन महीने को देखते हुए रौंप पहाड़ी स्थित पंचमुखी महादेव मंदिर और बरैला गांव स्थित प्रसिद्ध भोलेनाथ मंदिर में शनिवार को भक्तों साफ-सफाई की। सावन में होने वाले भक्तों की भीड़ को देखते हुए अन्य तैयारियां पूरी करने में भक्तगण जुटे रहे। वहीं, गौरीशंकर महादेव मंदिर और कंडाकोट स्थित मंदिर में दर्शन पूजन के लिए भक्तों की भीड़ जुटेगी। इसके अलावा राबर्ट्सगंज स्थित शोभनाथ मंदिर, विरेश्वर महादेव मंदिर सहित ग्रामीण अंचल के शिवालयों में तैयारियों को अंतिम रूप देने में भक्तगण जुटे रहे।