पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि इस वारदात की साजिश चंद्रेश यादव ने रची थी, जो पहले भारत फाइनेंस कंपनी में काम कर चुका था और उसे कलेक्शन के दिन और समय की जानकारी थी। पुलिस ने उसे भी बाद में गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों के पास से 28500 रुपये नकद, बायोमेट्रिक मशीन, टैबलेट, तीन मोबाइल फोन, कलेक्शन डायरी समेत अन्य दस्तावेज, दो अवैध तमंचे और कारतूस बरामद किए हैं।
एसपी ने बताया कि आरोपियों के विरुद्ध आर्म्स एक्ट समेत विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। घटना में एक बाल अपचारी का भी नाम सामने आया है, जिसने बदमाशों के साथ कलेक्शन एजेंट की लोकेशन साझा की थी।
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पूछताछ में यह भी पता चला कि धीरज यादव पीजी कॉलेज ओबरा में छात्रसंघ महामंत्री भी रह चुका है। गिरफ्तार करने वाली टीम में अनपरा एसओ सत्येंद्र राय, शक्तिनगर एसओ कमल नयन दुबे, एसआई संतोष कुमार, अशोक कुमार सिंह आदि शामिल रहे।